रानीबाग चौपाटी- रानीबाग में विवादित चौपाटी पर चल गई जेसीबी

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भूमि विवाद को लेकर सुर्खियों में आई चित्रशिला घाट रानीबाग क्षेत्र में बनाई चौपाटी को बुधवार को प्रशासन ने जेसीबी मशीन की मदद से ध्वस्त कर दिया। दोपहर बाद नवनिर्मित चौपाटी पर कई घंटे जेसीबी चलती रही। दूसरी ओर जमीनी विवाद को देखते हुए जिला प्रशासन ने उक्त भूमि के रखरखाव और सुरक्षा के लिए नैनीताल के तहसीलदार को रिसीवर नियुक्त कर दिया है।

 

बुधवार दोपहर बाद नैनीताल के उपजिलाधिकारी नवाजिश खलिक और हल्द्वानी के सिटी मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी के नेतृत्व में पुलिस-प्रशासन की टीम रानीबाग स्थित चित्रशिला घाट परिसर में पहुंची। प्रशासनिक अधिकारियों ने वहां बनाई गई चौपाटी का निरीक्षण करने के बाद जेसीबी मशीन की मदद से उसे ध्वस्त करा दिया। ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के बाद भूमि की बाउंड्री को सील कर दिया गया। नैनीताल के उपजिलाधिकारी खलिक ने बताया कि जिस भूमि पर चौपाटी बनाई गई है उसके मालिकाना हक को लेकर विवाद है। इस भूमि पर कत्यूरी वंशज, चित्रशिला धाम समिति और चौपाटी संचालक अपना-अपना मालिकाना हक जता रहे थे। काठगोदाम पुलिस से भी इसकी शिकायत की गई थी। उन्होंने बताया कि मामले की कोर्ट में सुनवाई के बाद चौपाटी के नाम पर मौके पर हुए निर्माण कार्य को ध्वस्त कर दिया है। जिला प्रशासन के निर्देश पर नैनीताल के तहसीलदार अक्षय भट्ट को उक्त भूमि का रिसीवर नियुक्त किया है। उन्होंने कहा कि उक्त भूमि पर किसी भी तरह का निर्माण कार्य स्वीकार्य नहीं होगा।


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