अयोध्या राम मंदिर: प्राण प्रतिष्ठा वर्षगांठ- 1 साल के हुए बालक राम, दर्शन को उमड़ा पूरा देश, 20 से अधिक राज्यों से आए श्रद्धालु

Spread the love

रामलला के प्राण प्रतिष्ठा की तिथि पौष शुक्ल द्वादशी कितनी अहम है, इसका नजारा शनिवार को अयोध्या में दिखा। रामलला के विग्रह की भव्य मंदिर में प्रतिष्ठा की वर्षगांठ प्रतिष्ठा द्वादशी के रूप में मनाई जा रही है। राममंदिर में विराजमान बालक राम शनिवार को एक साल के हो गए हैं। प्राण प्रतिष्ठा की पहली वर्षगांठ पर अपने लल्ला के दर्शन करने पूरा देशउ उमड़ पड़ा। 20 से अधिक राज्यों के श्रद्धालु अयोध्या पहुंचे। 2़ 50 लाख भक्तों ने रामलला के दर्शन किए।

शनिवार की सुबह पांच बजे से ही दर्शनपथ पर जयकारे गूंजने लगे थे। आस्था की हिलोरें उमड़-घुमड़ रहीं थी। कोई नृत्य कर रहा था, कोई मंगलगान, हर कोई भावविभोर था। रह-रहकर श्रद्धालुओं की टोली अलग-अलग मुद्रा में हाव-भाव में पहुंच रही थी। हर मन मस्तिष्क में बस राम ही राम समाए थे। हरियाणा की श्यामवती शुक्रवार को ही अयोध्या पहुंच गई थीं, बोली अयोध्या का दृश्य आस्था का अतिरेक दर्शा रहा है। हैदराबाद निवासी संतोष कुमार ने बताया कि प्राण प्रतिष्ठा में नहीं आ सके थे, दो दिन पहले ही अयोध्या पहुंच गए। रामलला की दिव्य छवि का दर्शन कर मन आनंदित है।

पश्चिम बंगाल की प्रियंका घाेष नौ जनवरी को ही परिवार सहित अयोध्या में हैं। वे रामनाम गुनगुना रहीं थी। नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो…सुनाकर नृत्य करने लगीं। रामलला के दरबार में देर शाम तक 2़ 50 लाख भक्त दर्शन-पूजन कर चुके थे। इसी तरह बिहार, रायपुर, गुजरात, हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक, मुंबई, उड़ीसा सहित उत्तरप्रदेश के विभिन्न प्रदेशों से आए श्रद्धालुओं में प्रतिष्ठा द्वादशी के उत्सव का साक्षी बनने की होड़ सी दिख रही थी।

और पढ़े  अयोध्या- 15 वार्डों में आंगनबाड़ी केंद्रों का सपना अधूरा

रामलला के अभिषेक का साक्षी बन भावुक हुए श्रद्धालु

श्रद्धालुओं में रामजन्मभूमि दर्शनपथ पर लगी एलईडी टीवी में रामलला के महाभिषेक का दर्शन करने की होड़ सी दिखी। दिल्ली निवासी अधिवक्ता विवेक चंद्रा अपनी बीमार मां को मोबाइल से अयोध्या के दर्शन करा रहे थे। उनकी आंखे खुशी से डबडबा रहीं थी। बोले हमारे राम के ठाठ-बाट आज निराले हैं, अयोध्या का माहौल देखकर ऐसा लग रहा है जैसे त्रेतायुग साकार हो रहा हो। हैदराबाद से किन्नरों की टोली नृत्य कर जयकारे लगा रही थी। किन्नर पिंकी ने कहा रामजी का किन्नरों ने 14 वर्ष तक इंतजार किया था। राम सबके हैं, सर्वमान्य हैं।

जातियों में विभाजित रहेंगे तो अपमानित होना पड़ेगा : योगी

प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में पीएम मोदी ने देशवासियों से आह्वान किया था कि राम राष्ट्र के प्रतीक हैं। राम हैं तो राष्ट्र है, राष्ट्र है तो राम हैं। दोनों को अलग नहीं कर सकते, दोनों एक-दूसरे के पूरक हैं। राम मंदिर का निर्माण दुनिया में दबी-कुचली सभ्यता और संस्कृति के लिए संदेश भी है कि लोकतांत्रिक, संविधान सम्मत तरीके से अधिकार लिए जा सकते हैं। समाज बंटा था तो देव स्थल अपमानित हो रहे थे। जाति व अन्य वादों के आधार पर विभाजित रहेंगे तो अपमानजनक स्थितियों का निरंतर सामना करना पड़ सकता है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को प्राण-प्रतिष्ठा की पहली वर्षगांठ पर आयोजित प्रतिष्ठा द्वादशी कार्यक्रम में अंगद टीला पर जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने रामलला के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन किया। सीएम ने अशोक सिंहल को भी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि सत्य को अधिक दिनों तक धुंधला करके कोई नहीं रख सकता है। सत्य एक दिन उजागर होगा। देश-दुनिया सत्य के रूप में अयोध्या में राम जन्मभूमि पर प्रभु रामलला के भव्य मंदिर देख रही है।

और पढ़े  UP: सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी खुशखबरी, योगी सरकार ने बढ़ाया दो फीसदी महंगाई भत्ता

मुख्यमंत्री ने कहा कि हिंदू पंचांग के अनुसार श्रीराम जन्मभूमि पर प्रभु रामलला की मूर्ति की प्राण-प्रतिष्ठा के एक वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास द्वारा प्रतिष्ठा-द्वादशी के रूप में त्रिदिवसीय आयोजन का शुभारंभ किया गया है। 22 दिसंबर 1949 को रामलला का अपनी जन्मभूमि में प्रकट होना इस पूरी लड़ाई की पृष्ठभूमि को आगे बढ़ाता हुआ आज इन स्थितियों में पहुंचा कि प्राण-प्रतिष्ठा के एक वर्ष के उपरांत मंगलगान के साथ हम सभी गौरव की अनुभूति कर रहे हैं।

अयोध्या अब अयोध्या का अहसास कराती है

उन्होंने कहा कि मंगलगान का शुभारंभ नौ नवंबर 2019 को हुआ, जब न्यायपालिका ने सर्वसम्मत से निर्णय सुनाया कि अयोध्या में जहां विवादित ढांचा था, वह राम जन्मभूमि है। पांच अगस्त 2020 को इसी अयोध्या धाम में आकर पीएम मोदी ने प्रभु रामलला के भव्य राममंदिर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। 22 जनवरी 2024 (पौष शुक्ल द्वादशी) के दिन पीएम मोदी ने देश भर से आए हर तबके की उपस्थिति व संतों के सानिध्य में रामलला को उनकी जन्मभूमि में प्रतिष्ठित कराने का कार्य किया था।

सीएम ने कहा कि अयोध्या अब अयोध्या होने का अहसास कराती है। सूर्यवंश की राजधानी अयोध्या देश की पहली सोलर सिटी बन चुकी है। यह नए भारत का नया उत्तर प्रदेश है तो नए उत्तर प्रदेश की नई अयोध्या अपने तीर्थ होने के गौरव के साथ पूरे देश को अपने साथ जोड़ रही है। सीएम ने कहा कि 13 जनवरी से प्रयागराज की धरती पर महाकुंभ का आयोजन होने जा रहा है। अनुरोध किया कि एक बार जाकर त्रिवेणी में स्नान कीजिए और सनातन धर्म के बढ़े गौरव का मूर्त रूप देखकर आइए।

और पढ़े  अयोध्या- मेडिकल कॉलेज में फायर सेफ्टी मॉक ड्रिल, विद्यार्थियों को मिला प्रशिक्षण

Spread the love
  • Related Posts

    Fire- शिप्रा सृष्टि सोसायटी के 15वीं मंजिल में लगी आग, मौके पर दमकल की गाड़ियां पहुंचीं

    Spread the love

    Spread the loveगाजियाबाद के शिप्रा सृष्टि सोसायटी के 15वीं मंजिल स्थित फ्लैट संख्या 1506 में मंगलवार सुबह आग लग गई। इस घटना से सोसायटी में हड़कंप मच गया। आग लगने…


    Spread the love

    अखिलेश यादव को निशाना बनाते विवादित होर्डिंग्स से शाहजहांपुर में सियासी घमासान

    Spread the love

    Spread the love         पूर्व मुख्यमंत्री एवं समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को निशाना बनाते विवादित होर्डिंग्स मंगलवार को कैंट क्षेत्र में सामने आने के…


    Spread the love