उत्तराखंड निकाय चुनाव: अल्मोड़ा में शुरू हो गया पाला बदलने का खेल, भाजपा में कितनी एकजुटता,भैरव ने पार्टी छोड़ किया साबित

Spread the love

निकाय चुनाव की राजनीतिक गतिविधियों के बीच भाजपा के कार्यकर्ता भैरव गोस्वामी ने अचानक पाला बदलकर भाजपा और कांग्रेस दोनों की मजबूती की पोल खोल दी है। बीजेपी में कितनी एकजुटता, भैरव ने पार्टी छोड़ इसे साबित कर दिया है। वहीं, कांग्रेस को खुद को मजबूत करने के लिए गोस्वामी को पार्टी में शामिल किया है।

कई दिन से चर्चा थी कि कांग्रेस मेयर पद का कोई मजबूत प्रत्याशी तलाश पाने में इतनी सक्षम नहीं दिख रही जितना कि प्रचार किया जा रहा है। ऐसे में उसे एक मजबूत प्रत्याशी की जरूरत थी। चर्चा यह भी थी कि भैरव जल्द ही कांग्रेस की सदस्यता ले सकते हैं। शनिवार को यह चर्चा हकीकत बन गई। कांग्रेस का दावा है कि भैरव गोस्वामी ने अपने करीब 150 कार्यकर्ताओं के साथ कांग्रेस की सदस्यता ली है जबकि भाजपा कह रही है कि भैरव गोस्वामी भाजपा में थे ही नहीं। बहरहाल राजनीतिक घटनाक्रम हुआ और भैरव गोस्वामी कांग्रेस में शामिल हो गए। भाजपा नेता भले ही दावा करें लेकिन अक्सर भाजपा के कार्यक्रमों और अन्य गतिविधियों में भैरव को सक्रिय देखा जाता रहा है। भैरव गोस्वामी के इस कदम ने भाजपा और कांग्रेस दोनों की मजबूती की पोल खोल दी है ।भाजपा की इस मायने में कि भाजपा का संगठन अपने आप को हमेशा बहुत मजबूत संस्कारित और एकजुट बताता रहा है लेकिन आज जिस तरह से भैरव गोस्वामी अपने साथियों के साथ भाजपा को अलविदा कह गए उससे भाजपा की मजबूती की पोल खुल गई।

दूसरी और कांग्रेस की संगठन क्षमता पर भी इसलिए सवाल उठ रहे हैं कि वैसे तो निकाय चुनाव में हमेशा ही कांग्रेस यहां भाजपा से जीतती रही है लेकिन पहली बार मेयर का चुनाव होने और सीट अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए घोषित हुई तो कांग्रेस एक भी ऐसा मजबूत कार्यकर्ता तैयार नहीं कर पाई जिसे मजबूती से चुनाव लड़ाया जा सके। हालांकि, अभी भैरव गोस्वामी को कांग्रेस का प्रत्याशी घोषित नहीं किया गया है लेकिन जिस तरह से शहर में चर्चा है उससे यह संभावना जताई जा रही है कि भैरव गोस्वामी को कांग्रेस अपना प्रत्याशी बना सकती है।

और पढ़े  रुद्रपुर- कोर्ट के बाहर खौफ...पेशी पर आए परिवार पर हमला, 3 साल की बच्ची को जबरन ले जाने का आरोप

हालांकि कांग्रेस के जिलाध्यक्ष भूपेंद्र भोज का कहना है की टिकट को लेकर किसी से कोई वादा नहीं हुआ है। यह निर्णय पार्टी हाईकमान का है पार्टी जो भी निर्णय लेगी, कार्यकर्ता उसे स्वीकार करेंगे। उनका कहना है कि जहां तक वैचारिक समानता की बात है अगर कोई पार्टी में आना चाहता है तो उसका स्वागत है। भैरव गोस्वामी और उनके साथी आए हैं तो उन्हें पूरा सम्मान दिया जाएगा जबकि भाजपा के नेता पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि भैरव गोस्वामी का भाजपा से कोई सरोकार नहीं है।


Spread the love
  • Related Posts

    रामनगर- कार को बचाने में अनियंत्रित हुआ रेते से भरा ट्रक…सुरक्षा ग्रिल तोड़ नहर में गिरा

    Spread the love

    Spread the loveरामनगर में कोसी बैराज के पास एक बड़ा हादसा टल गया। जहां भवानीगंज क्षेत्र से रेते से भरा एक ट्रक पहाड़ की ओर जा रहा था। इसी बीच…


    Spread the love

    हल्द्वानी- रिटायर्ड कर्मचारी को सम्मोहित कर अंगूठी लूटने वाला गिरफ्तार, सीसीटीवी से खुला राज

    Spread the love

    Spread the loveहल्द्वानी शहर के मुखानी कोतवाली क्षेत्र में कुसुमखेड़ा क्षेत्र में रिटायर्ड कर्मचारी को सम्मोहित कर सोने की अंगूठी लूट की वारदात को अंतरराज्यीय शातिर बदमाश को गिरफ्तार किया है।…


    Spread the love