दर्दनाक हादसा: ट्रेन की चपेट में आने से दो सगी बहनों सहित 6 महिलाओं की मौत, मचा हड़कंप

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मिर्जापुर के चुनार रेलवे स्टेशन पर बुधवार की सुबह सवा नौ बजे रेलवे ट्रैक पार करते समय नेताजी एक्सप्रेस (कालका मेल) की चपेट में आने से दो सगी बहनों सहित छह महिलाओं की मौत हो गई। महिलाएं कार्तिक पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने जा रही थीं। चोपन–प्रयागराज पैसेंजर ट्रेन से उतरकर प्लेटफाॅर्म नंबर तीन की तरफ रेलवे ट्रैक पार कर रही थीं। इसी बीच ट्रेन आ गई। मरने वाली एक महिला की पहचान नहीं हो सकी। एक सोनभद्र तो चार मिर्जापुर की रहने वाली थीं।

हादसे की सूचना पाकर यूपी सरकार के राज्यमंत्री रवींद्र जायसवाल और डीएम पवन गंगवार मौके पर पहुंचे। राज्यमंत्री ने कहा कि हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दुख जताया है। साथ ही सरकार की तरफ से पीड़ित परिजनों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता का एलान किया गया है।

कैसे हुआ हादसा
राजगढ़ थाना क्षेत्र के खम्हरिया निवासी दो सगी बहनें शिव कुमारी (17) और साधना (12) अपनी चाची सविता (30) के साथ बुधवार की सुबह कार्तिक पूर्णिमा का स्नान करने के लिए निकली थीं। साथ में सविता की पड़ोसी अंजू (20) भी थीं। परिजनों के मुताबिक, सब चोपन–प्रयागराज पैसेंजर ट्रेन में सवार हुईं। इसी ट्रेन में सोनभद्र के कर्मा थाना क्षेत्र के बसवा गांव की कलावती (57) भी थीं। ट्रेन में आसपास के क्षेत्रों से करीब 500 लोग सवार थे। ट्रेन सुबह सवा नौ बजे चुनार रेलवे स्टेशन के प्लेटफाॅर्म नंबर चार पर खड़ी हुई। यहां ट्रेन से करीब 100 यात्री उतरे। कुछ यात्री प्लेटफॉर्म की तरफ नहीं गए और रेलवे ट्रैक की तरफ उतर गए।

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रेलवे ट्रैक के सहारे ही यात्री तीन नंबर प्लेटफॉर्म की तरफ जाने का प्रयास करने लगे। इसी बीच कालका मेल (टे्न संख्या 12311) आ गई। इससे अफरा-तफरी मच गई और यात्री इधर-उधर भागने लगे लेकिन दो किशोरी सहित छह महिलाएं ट्रेन की चपेट मेंं आ गईं। कुछ यात्रियों ने अलग-अलग प्लेटफाॅर्म नंबर पर चढ़कर जान बचाई।

हादसे में दो सगी बहनों और चार महिलाओं के शरीर के चिथड़े उड़ गए। इसकी सूचना मिलते ही जीआरपी, आरपीएफ के जवान पहुंचे और रेलवे कर्मचारियों की मदद से राहत-बचाव कार्य शुरू किया। शवों को पटरी से हटाया गया। परिजनों की मदद से दो सगी बहनों और तीन महिलाओं की पहचान की गई लेकिन एक महिला की पहचान नहीं हो सकी। डीएम की मौजूदगी में शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। टीम गठित करके पोस्टमार्टम कराया गया। इसकी वीडियोग्राफी भी हुई। बाद में शव परिजनों को दिए गए और उनका अंतिम संस्कार कराया गया।

Six passengers died after being hit by Kalika Mail train in Mirzapur

शवों को मालवाहक से भेजने पर नाराजगी
हादसे में मरने वाली महिलाओं और सगी बहनों के शवों को मालवाहक से पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। किसी ने इसका वीडियो बनाया और सोशल मीडिया पर साझा कर दिया। इस पर लोगों ने नाराजगी जताई और लिखा कि शवों को एंबुलेंस से भेजा जाना चाहिए था। शव वाहनों को बुलाया जा सकता था।


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