टॉप नक्सली लीडर ने 60 साथियों के साथ किया सरेंडर, 1 करोड़ का इनामी था सोनू, टूटी नक्सलियों की कमर

Spread the love

 

क्सवाद पर एक बार फिर बड़ी कामयाबी हासिल की गई है। महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में कुख्यात माओवादी नेता मल्लौजुला वेणुगोपाल राव उर्फ भूपति उर्फ सोनू ने अपने 60 साथियों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया है। सोनू पर एक करोड़ रुपए का इनाम घोषित था, जिसके बाद अब अबूझमाड़ में नक्सलियों की कमर पूरी तरह से टूट गई है।

भाकपा-माओवादी को बड़ा झटका
भाकपा-माओवादी के पोलित ब्यूरो सदस्य मल्लौजुला वेणुगोपाल राव उर्फ सोनू ने मंगलवार (14 अक्तूबर) को महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 60 माओवादी कार्यकर्ताओं के साथ हथियार डाल दिए। यह भाकपा-माओवादी के लिए एक बड़ा झटका है और यह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और देश भर की राज्य सरकारों के नेतृत्व में पुलिस द्वारा चलाए जा रहे निरंतर अभियानों का परिणाम है।

एक अधिकारी ने बताया कि उन्होंने सोमवार देर रात (13 अक्तूबर) पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। अधिकारी ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वालों में प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) की केंद्रीय समिति का एक सदस्य और एक संभागीय समिति के 10 सदस्य शामिल हैं।

सूत्रों के अनुसार वेणुगोपाल उर्फ भूपति उर्फ सोनू को माओवादी संगठन के सबसे प्रभावशाली रणनीतिकारों में से एक माना जाता था और वह लंबे समय से महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा पर प्लाटून अभियानों की निगरानी करता था। हालांकि, उन्होंने बताया कि हाल के महीनों में उसके और शीर्ष नक्सल नेतृत्व के बीच बढ़ते मतभेदों के कारण आंतरिक संघर्ष हुआ।

माना जाता है कि अपने बड़े भाई शीर्ष माओवादी नेता किशनजी की मौत के बाद वेणुगोपाल ने पश्चिम बंगाल में खासकर लालगढ़ आंदोलन के दौरान ऑपरेशन ग्रीन हंट के खिलाफ सीपीआई (माओवादी) के सशस्त्र प्रतिरोध की कमान संभाली थी। वर्षों से उन्हें माओवादी पदानुक्रम में एक प्रमुख रणनीतिकार और विचारक माना जाता रहा, जो ज्यादातर मध्य भारत के घने जंगलों में जिनमें छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, तेलंगाना और ओडिशा के कुछ हिस्से शामिल हैं, वहां सक्रिय रहे।

और पढ़े  हाईकोर्ट की टिप्पणी: 'जमीन के कागजात भारत की नागरिकता का प्रमाण नहीं', अदालत के फैसले में और क्या?

माओवादी कार्यकर्ताओं के बड़े हिस्से का समर्थन
सितंबर में सोनू ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर हथियार डालने की जानकारी दी थी। उन्हें छत्तीसगढ़ और देश के अन्य हिस्सों में माओवादी कार्यकर्ताओं के एक बड़े हिस्से का समर्थन हासिल था। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सोनू को भाकपा (माओवादी) के उत्तर उप-क्षेत्रीय और पश्चिम उप-क्षेत्रीय ब्यूरो से समर्थन मिला, जिन्होंने अब मुख्यधारा में लौटने के लिए अपनी रुचि दिखाई।

मौखिक और लिखित बयान किया था जारी
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कुख्यात नक्सली सोनू ने 15 अगस्त को एक मौखिक और लिखित बयान जारी कर युद्धविराम के लिए तैयार होने का दावा किया था। बता दें कि पिछले हफ्ते ऐसी खबरें आईं थीं कि तेलंगाना के मूल निवासी वेणुगोपाल राव उर्फ सोनू ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया और साथी कार्यकर्ताओं से खुद को बचाने और व्यर्थ बलिदान ना देने की अपील की थी।

नक्सलियों पर ताबड़तोड़ एक्शन जारी
सुरक्षाबलों का नक्सलियों पर ताबड़तोड़ एक्श जारी है। इससे पहले छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के बासागुड़ा थाना क्षेत्र में सुरक्षाबलों ने कार्रवाई करते हुए आठ सक्रिय नक्सलियों को गिरफ्तार किया था। इन गिरफ्तार नक्सलियों में तीन पर तीन लाख का इनाम घोषित था। इस दौरान गिरफ्तार नक्सलियों के कब्जे से टिफिन बम, डेटोनेटर, सेफ्टी फ्यूज, कार्डेक्स वायर, बैटरी, बिजली के तार, जमीन खोदने के औजार, एवं शासन विरोधी नारों वाले पाम्पलेट और बैनर बरामद किए गए।


Spread the love
  • Related Posts

    आफत की बारिश: असम में बाढ़ से 41 की मौत, महाराष्ट्र में जल भराव, कई राज्यों में रेड अलर्ट जारी

    Spread the love

    Spread the love देश भर में बारिश की कहर जारी है। बादल फटने, बाढ़ और भूस्खलन से कई लोगों ने जान गंवाई है। असम में जल प्रलय जैसी स्थिति पैदा…


    Spread the love

    पेपर लीक विवाद: PM मोदी ने पेपर लीक मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट के गठन का दिया आदेश

    Spread the love

    Spread the loveप्रधानमंत्री मोदी ने बुधवार को पेपर लीक मामलों पर सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, देश के युवाओं का…


    Spread the love