अब दिल्ली में लेन ड्राइविंग : नई पहल और नये नियम तोड़ने वालों पर कितना है जुर्माना, जानें हर जरूरी बात क्या है नया नियम।

दिल्ली में एक अप्रैल से डीटीसी, क्लस्टर बसों और माल ढुलाई करने वाले वाहनों के लिए लेन ड्राइविंग का नियम लागू किया गया है। यानी बसों और माल ढुलाई करने वाले वाहनों को एक तयशुदा लेन में ड्राइविंग करना होगा। फिलहाल 15 दिन के लिए इस श्रेणी के वाहनों पर यह नियम अनिवार्य होगा। बाद में यह नियम हर तरह के वाहनों पर लागू कर दिया जाएगा। 
बस ड्राइवरों द्वारा लेन पर चलने के अनुशानस को सुनिश्चित करने के लिए दिल्ली सरकार के परिवहन विभाग ने शुक्रवार से इस नए अभियान का आगाज किया। जिसके बाद शुक्रवार की सुबह पीक ट्रैफिक के दौरान दिल्ली भर में वाहनों की लंबी कतारें नजर आईं। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में शुरू किए गए अभियान के तहत, लेन अनुशासन का उल्लंघन करने पर 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।
दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने शुक्रवार की सुबह सोशल मीडिया के जरिए लोगों ने इस नई पहल में सहयोग के लिए अपील की। उन्होंने एक ट्वीट कर कहा, “दिल्ली परिवहन विभाग की ओर से आज से बसों के लिए लेन इंफोर्समेंट ड्राइव शुरू किया जा रहा है। बस/HMV चालकों से अपील है कि वे अपनी ही लेन में गाड़ी चलाएं साथ ही दिल्लीवासियों से अपील है कि वह बसों की लेन में किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न करें ताकि बसें अपनी लेन में निर्बाध चल सके।” 
डीटीसी और क्लस्टर बसें स्टॉप पर बनाए गए बॉक्स के अंदर ही रुकेंगी। नए नियमों के तहत बस ओवरटेक नहीं कर सकेगी। यानी बस को सामान्य स्पीड से चलना होगा। ऐसा पाया गया है कि लगभग 70 प्रतिशत से ज्यादा सड़क दुर्घटनाओं की वजह लेन बदलना होता है।
कैसे लागू कराया जाएगा नियम 
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि सुबह के व्यस्त समय में, जब सड़कों पर सामान्य रूप से भारी यातायात होता है, तो कुछ हिस्सों पर बसें खड़ी दिखाई देती हैं। 

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परिवहन विभाग की इंफोर्समेंट टीम, डीटीसी और क्लस्टर व ट्रैफिक पुलिस की 50 टीमें लेन ड्राइविंग सुनिश्चित करने के लिए सड़कों पर तैनात किया जाएगा। नियमों की अनदेखी करने पर बस चालकों पर कार्रवाई होगी। 

परिवहन आयुक्त आशीष कुंद्रा ने ट्वीट किया, “अनुशासित लेन में चलती बसें! एक स्वागत योग्य बदलाव। आइए हम सभी सार्वजनिक परिवहन को सुगम बनाने के लिए अपनी पूरी कोशिश करें।”

अधिकारियों ने कहा कि 15 अप्रैल को पहले चरण के खत्म होने के बाद, ज्यादा वाहनों और तय सड़कों को कवर करने के बाद इस अभियान का और विस्तार किया जाएगा। नियम उल्लंघन पर क्या है दंड?
दिल्ली सरकार के मुताबिक, परिवहन विभाग एक प्रवर्तन अभियान चलाएगा और एक आदेश जारी किया गया था जिसमें कहा गया था कि लेन अनुशासन का उल्लंघन करने वाले बस चालकों को पहले अपराध के लिए 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा, खतरनाक ड्राइविंग के लिए कानूनी कार्रवाई की जाएगी और दूसरे अपराध के लिए जुर्माना लगाया जाएगा, और तीसरे अपराध के बाद उनका ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित कर दिया जाएगा। चौथे अपराध के बाद निजी बसों के परमिट रद्द कर दिए जाएंगे। सरकार नियम तोड़ने वाले बस चालकों के वीडियो भेजने के लिए लोगों के लिए एक व्हाट्सएप नंबर शुरू करेगी। वीडियो को कार्रवाई के लिए सबूत माना जाएगा। परिवहन विभाग ने दिल्ली यातायात पुलिस और अन्य हितधारकों के परामर्श से अभियान को लागू करने के लिए 75 किमी के 46 प्रमुख कॉरिडोर की पहचान की है। 

पीडब्ल्यूडी या तीनों नगर निगमों जैसी सड़क के स्वामित्व वाली एजेंसियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि सभी बस लेन में थर्मोप्लास्टिक पेंट हो और सभी लेन को प्रमुखता से चिह्नित किया जाए। इसके अलावा यह सुनिश्चित करना होगा कि इन लेन में किसी तरह का अतिक्रमण न हो। 

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