ब्रेकिंग न्यूज़:- इस स्वास्थ्य योजना के लाभार्थियों को 120 दिन में इस खाते से लिंक करनी होगी आईडी, 90 दिन में बनवा लें एबीएचए कार्ड

Spread the love

ब्रेकिंग न्यूज़:- इस स्वास्थ्य योजना के लाभार्थियों को 120 दिन में इस खाते से लिंक करनी होगी आईडी, 90 दिन में बनवा लें एबीएचए कार्ड

केंद्र सरकार स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) के लाभार्थियों के लिए बड़ा अपडेट है। पहले यह कहा गया था कि इस कार्ड को 30 दिन के भीतर आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता (एबीएचए) से लिंक करना होगा। अब स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना महानिदेशालय ने 15 अप्रैल को एक नया कार्यालय ज्ञापन ‘ओएम’ जारी किया है। इसमें ‘एबीएचए’ आईडी बनाने की समय सीमा बढ़ा दी गई है। साथ ही सीजीएचएस आईडी को आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाते से लिंक करने की समयावधि को भी बढ़ाया गया है।

एबीएचए बनाने की समय सीमा बढ़ी
इससे पहले सीजीएचएस लाभार्थियों की आईडी और एबीएचए को आपस में लिंक करने की प्रक्रिया पहली अप्रैल से शुरू करने की बात कही गई थी। केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों एवं विभागों से कहा गया था कि वे इस कार्य को तीस दिन में पूरा कर लें। अब आभा आईडी बनाने की समय सीमा बढ़ा दी गई है। यह समय सीमा 30 जून से तीन माह (90 दिन) के लिए बढ़ाई गई है। इसके साथ ही केंद्र सरकार स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) आईडी को आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता (एबीएचए) से लिंक करने की समयावधि भी बढ़ा दी गई है। इसमें 120 दिन का इजाफा किया गया है। यानी 30 जून से 120 दिन के भीतर सीजीएचएस और एबीएचए को लिंक करना होगा। इस कार्य में सीजीएचएस लाभार्थियों की मदद के लिए सभी वैलनेस सेंटरों पर कियोस्क स्थापित होंगे। ये कियोस्क 30 जून तक कार्य करना शुरू कर देंगे।

और पढ़े  जर्मनी में रेल सेवाएं ठप, संचार प्रणाली में आई खराबी; स्टेशनों पर फंसे हजारों यात्री

गत वर्ष सरकार ने किया था इनकार
पिछले साल सोशल मीडिया पर व्हाट्सएप चैट (मैसेज) का एक स्क्रीनशॉट खूब वायरल हुआ था। उसमें यह बात कही गई थी कि सीजीएचएस और आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट को जोड़ा जा रहा है। उस मैसेज के जरिए लाभार्थियों में कई तरह की भ्रांतियां फैल रही थीं। जैसे, सरकार वह कदम क्यों उठाना चाह रही है। क्या उस आदेश से सरकारी और निजी अस्पतालों में इलाज का कोई नियम बदला जाना था। उस वक्त केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया पर वायरल हुए मैसेज का खंडन किया था। पीआईबी फैक्ट चेक ने उसे पूरी तरह से फर्जी बताया था। केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना महानिदेशालय द्वारा इस साल 28 मार्च को जारी कार्यालय ज्ञापन में कहा गया था कि सीजीएचएस और आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट को लिंक किया जाए।

कार्यालय ज्ञापन को वापस लिया जाए
बतौर श्रीकुमार, यह भारत सरकार का एक सोचा समझा कदम है। इसके जरिए सरकारी कर्मियों पर यह दबाव बनाने का प्रयास किया जा रहा है कि वे केवल सरकारी अस्पतालों में ही इलाज कराएं। कर्मचारी, सीजीएचएस इम्पैनलमेंट अस्पतालों को अलविदा कह दें। ऐसे में श्रीकुमार ने स्वास्थ्य मंत्रालय से आग्रह किया है कि 28 मार्च को जारी उस कार्यालय ज्ञापन को वापस लिया जाए, जिसमें सीजीएचएस आईडी कार्ड को भारत सरकार के आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाते से जोड़ने की बात कही गई है। साथ ही इस मामले को लेकर स्टाफ साइड की राष्ट्रीय परिषद (जेसीएम) की स्टेंडिंग कमेटी की बैठक बुलाई जाए। उसमें कर्मियों के सभी पक्षों को सुना जाए।


Spread the love
  • Related Posts

    पूर्वोत्तर में बारिश बनी आफत: असम में पुल बहा, अरुणाचल में भूस्खलन से हालात बिगड़े, कई इलाकों का संपर्क टूटा

    Spread the love

    Spread the loveपूर्वोत्तर भारत में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। असम में बाढ़ के तेज बहाव में 300 मीटर लंबा लोहे…


    Spread the love

    सऊदी के रास तनुरा में भीषण हादसा-: अरामको का हेलिकॉप्टर क्रैश, सभी 14 यात्रियों की दर्दनाक मौत

    Spread the love

    Spread the loveसऊदी अरब के प्रमुख औद्योगिक और तेल केंद्र रास तनुरा से बड़ी खबर सामने आई है। दिग्गज तेल कंपनी सऊदी अरामको का एक हेलिकॉप्टर रविवार सुबह करीब छह…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *