भाजपा नेता विनोद कुमार का पार्थिव शरीर घर पहुंचते ही गांव उमड़ पड़ा। परिजन शव को पकड़कर रोते बिलखने लगे। परिजनों की मांगों पर पुलिस प्रशासन का आश्वासन मिलने पर मृतक का शव घर लाया गया।
वहीं भाजपा नेता की हत्या के मामले पुलिस ने आज एक और आरोपी को गिरफ्तार किया।मामले में अब तक पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
मृतक के भाई अशोक कुमार की तहरीर पर सहसपुर कोतवाली में हत्या समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। एसएसपी के निर्देश पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें गठित की गईं। पुलिस ने 14 जून को मामले में चार आरोपियों रज्जाक, सलमान, जावेद और शहबाज को गिरफ्तार किया था। वहीं, सोमवार को कार्रवाई करते हुए फरार चल रहे आरोपी इम्तियाज पुत्र शमसुद्दीन निवासी लखनवाला, सहसपुर को भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अन्य नामजद आरोपियों और घटना में शामिल लोगों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
शनिवार देर रात सहसपुर में पुरानी रंजिश के चलते पूर्व प्रधान इस्पाक के भतीजे और अन्य लोगों ने मिलकर भाजपा नेता विनोद कुमार उसके भाई अशोक व राजेश पर हथियारों से हमला कर दिया था। विनोद और उसके परिवार ने पूर्व प्रधान इस्पाक के कार्यकाल की सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत कई जानकारी मांगी थी। उन्होंने प्रधान के कार्यकाल में ग्राम समाज की भूमि और अन्य मामलों में शिकायत भी दर्ज करवाई थी।
इससे दोनों पक्षों में रंजिश पैदा हो गई थी। दोनों परिवारों में अक्सर झगड़े होते रहते थे। शनिवार को विनोद और उनके भाई सरकारी ट्यूबवेल से अपने खेत में पानी डाल रहे थे। बगल का खेत पूर्व प्रधान इस्पाक के भतीजे इम्तियाज का था। इम्तियाज के आपत्ति जताने पर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हो गया। इस दौरान अमन, यूनुस, अनीस और रज्जाक आदि भी मौके पर आ गए। फिर दोनों पक्षों में मारपीट शुरू हो गई। आरोप है कि इम्तियाज और उसके साथियों ने विनोद, अशोक और राजेश पर भारी और धारदार हथियारों से हमला बोल दिया। रज्जाक ने विनोद के सिर पर हथौड़े से तीन वार किए। अन्य दोनों भाइयों को भी जमकर पीटा। घायल अवस्था में तीनों भाइयों को हरबर्टपुर स्थित लेहमन अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में उपचार के दौरान विनोद की मौत हो गई।
पति की हत्या से सदमे में डूबी विनोद कुमार की पत्नी का दर्द गुस्से के रूप में फूटा। रोती-बिलखती पत्नी वह आरोपी के घर के बाहर पहुंची और पत्थर फेंक अपना आक्रोश जताया। बोलीं कि मेरे सुहाग के कातिलों को पकड़ा जाए। और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की हो। परिजन और ग्रामीण भी हत्यारों की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।









