बिहार सरकार ने राज्य में पर्यटन विकास और ऊर्जा संरक्षण को लेकर दो बड़े कदम उठाए हैं। एक ओर सरकारी कर्मचारियों को हर तीन महीने में परिवार के साथ पर्यटन स्थलों का भ्रमण करने का निर्देश दिया गया है, वहीं दूसरी ओर पेट्रो उत्पाद से चलने वाले वाहनों का कम उयोग और ऊर्जा बचत को लेकर नई एडवाइजरी जारी की गई है। सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव बी. राजेंद्र की ओर जारी पत्र में विभागाध्यक्षों, प्रमंडलीय आयुक्तों, जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को इस संबंध में निर्देश भेजे गए हैं।
कर्मचारियों को कम से कम तीन पर्यटन स्थलों का भ्रमण अनिवार्य
सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव बी. राजेंद्र की ओर जारी पत्र के अनुसार, सभी सरकारी कर्मचारियों को अपने गृह जिले से अलग किसी अन्य जिले के पर्यटन, इको-टूरिज्म या ग्रामीण पर्यटन स्थलों की दो दिन और दो रात की यात्रा करनी होगी। यह यात्रा शुक्रवार और शनिवार को तय की जाएगी। यात्रा के दौरान कर्मचारियों को कम से कम तीन पर्यटन स्थलों का भ्रमण और वहां रात्रि प्रवास करना अनिवार्य होगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस दौरान किसी भी प्रकार की समीक्षा बैठक या सरकारी निरीक्षण नहीं किया जाएगा। इसका उद्देश्य केवल पर्यटन स्थलों का अनुभव लेना और उनके विकास के लिए सुझाव जुटाना है। भ्रमण के बाद कर्मचारियों को अपनी रिपोर्ट संबंधित विभाग या जिलाधिकारी कार्यालय में जमा करनी होगी। इसमें तस्वीरें, यात्रा अनुभव और पर्यटन विकास से जुड़े सुझाव शामिल होंगे। जिला और विभागीय स्तर पर नोडल अधिकारियों की नियुक्ति भी की जाएगी, जो इन रिपोर्टों को पर्यटन, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन तथा कला एवं संस्कृति विभाग को भेजेंगे।
साझा वाहन उपयोग से ईंधन की बचत होगी
पेट्रो उत्पादों की बढ़ती कीमतों और भीषण गर्मी की स्थिति को देखते हुए सरकार ने सरकारी विभागों और कर्मचारियों के लिए नई एडवाइजरी भी जारी की है। इसमें सरकारी बैठकों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) को प्राथमिकता देने की सलाह दी गई है। सरकार ने कहा है कि जहां संभव हो, वहां फिजिकल मीटिंग की जगह ऑनलाइन बैठक आयोजित की जाए ताकि अनावश्यक यात्रा से बचा जा सके। ताकि वाहनों का कम उपयोग हो सके। इसके अलावा कर्मचारियों को कार पूलिंग अपनाने के लिए भी प्रेरित किया जाए। साझा वाहन उपयोग से ईंधन की बचत होगी और ऊर्जा संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। वहीं सरकारी भवनों में बिजली की खपत कम करने के लिए एयर कंडीशनर का सीमित और संतुलित उपयोग करें। अनावश्यक बिजली उपकरण बंद रखें। जितना जरूरी हो, उतना ही ऊर्जा खपत करें। सरकार ने सभी विभागों से इन निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा है।









