दीपोत्सव से पहले : 100 संतों के आश्रम उजाड़ने का जारी हुआ आदेश, पर्यटन मंत्री को घेरा..

Spread the love

अयोध्या6 घंटे पहले अयोध्या के रामकथा पार्क में सीएम योगी से मिलकर संतों की मांग रखते श्रीरामवल्लभाकुंज के अधकारी जी राजकुमार दास। –
अयोध्या के रामकथा पार्क में सीएम योगी से मिलकर संतों की मांग रखते श्रीरामवल्लभाकुंज के अधिकारी जी राजकुमार दास।
अयोध्या में सौ संतों के आश्रम को उजाड़ने का आदेश योगी आदित्यनाथ की सरकार ने लिया है। इससे अयोध्या के महंतों में बहुत गुस्सा है। उन्होंने सीएम योगी से मिलकर ज्ञापन सौंपा है। सीएम से आश्वासन नहीं मिलने पर महंतों ने पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी को बुलाया और नराजगी जताईl

अयोध्या के सभी बड़े महंत गुस्से से लाल
यह आदेश पूर्व जिलाधिकारी अनुज कुमार झा ने जारी किया था, जो अब सामने आया है। उनके एक फरमान से सरयू के तट पर तपस्या करने वाले 100 संतों और इतने ही अन्य नागरिकों की कुटी उजड़ने जा रही है। इससे अयोध्या के सभी बड़े महंत गुस्से से लाल हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को रविवार को इस संबंध में रामकथा पार्क में ज्ञापन देकर इसे निरस्त करने की मांग की।
सीएम से स्पष्ट आश्वासन न मिलने पर महंतों ने पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी को बुलाया। जब वे भी बात न सुन आगे बढ़ने लगे तो महंत लाल हो गए और उन्हें घेर अपनी कड़ी नाराजगी जताई।

श्रीरामवल्लभाकुंज के उत्तरा अधिकारी जी राजकुमार दास ने पूर्व डीएम अनुज कुमार झा की संपत्तियों की जांच की मांग उठाई।
श्रीरामवल्लभाकुंज के उत्तरा अधिकारी जी राजकुमार दास ने पूर्व डीएम अनुज कुमार झा की संपत्तियों की जांच की मांग उठाई।
नाराज महंतों ने पर्यटन मंत्री को घेरा
सीएम के आगे बढ़ने के बाद पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी को महंत कमलनयन दास शास्त्री ने बुलाया। लेकिन, वे महंत के बुलाने के बाद आगे बढ़ गए। इस पर महंत भड़क उठे। पर्यटन मंत्री को महंतों ने घेर लिया, उन्हें चेतावनी दे डाली।

और पढ़े  अयोध्या- सरयू का जलस्तर बढ़ा, कांवड़ियों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन सतर्क

महंत राजकुमार दास ने कहा कि अयोध्या तीर्थ धाम है। संत उसकी पहचान हैं। यदि संतों को उजाड़ा गया तो प्रभारी मंत्री होने के नाते उन्हें इसका गुस्सा झेलना पड़ेगा। इस पर पर्यटन मंत्री ने समस्या के समाधान का भरोसा दिलाया, फिर महंत शांत हो सके। इस बीच महंतों के अचानक इस रुख से सुरक्षा अधिकारियों के पसीने छूट गए।

महंतों की ओर से सीएम को ज्ञापन दिया गया
रामकथा पार्क में रामायण कॉन्क्लेव के समापन समारोह में सीएम की मौजूदगी में महंतों को आमंत्रित किया गया था। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास के उत्तराधिकारी महंत कमलनयन दास शास्त्री, दिगंबर अखाड़ा के महंत सुरेश दास, दशरथ महल के महंत विंदुगद्रयाचार्य, महंत देवेंद्रपसादाचार्य, श्रीरामवल्लभाकुंज के प्रमुख और सरयू आरती समिति के संरक्षक स्वामी राजकुमार दास, जगद्गुरु रामानंदाचार्य, स्वामी रामदिनेशाचार्य, नाका हनुमानगढ़ी के महंत रामदास, रामकचहरी के महंत शशिकांत दास आदि प्रमुख रूप से मौजूद थे। इन लोगों ने कार्यक्रम के समापन के बाद सीएम योगी को ज्ञापन दिया।
अयोध्या के गत 18 अगस्त के आदेश को महंतों ने एक पक्षीय अवैधानिक व अन्यायपूर्ण बता अविलंब निरस्त किए जाने की मांग की है। महंतों का कहना है कि आदेश न्याय के विरुद्ध है। संतों का आरोप हैं कि एक सप्ताह पहले हटाए गए अयोध्या के डीएम ने अपनी बात न मानने पर नाराज होकर संतों को उजाड़ने का यह आदेश दे दिया है
आदेश से सरकार और सीएम से जुड़े खास महंत भी बहुत नाराज हैं। इससे शासन-प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। महंतों को मनाने के लिए उनसे नवागत डीएम नितीश कुमार जुटे हैं। उधर, श्रीरामवल्लभाकुंज के उत्तराधिकारी राजकुमार दास ने अयोध्या के पूर्व डीएम अनुज कुमार झा की संपत्तियों की जांच कराए जाने की मांग उठाई है।

और पढ़े  UP- CM योगी ने तिरंगा यात्रा का किया शुभारंभ, बोले- ऊर्जा का प्रतीक हमारे युवा

Spread the love
  • Related Posts

    स्वतंत्रता दिवस- विधानभवन में CM योगी ने फहराया झंडा, बोले- देश को बांटने वाली ताकतों से सतर्क रहना होगा

    Spread the love

    Spread the love80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर शनिवार को पूरा उत्तर प्रदेश देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। राजधानी लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानभवन में ध्वजारोहण…


    Spread the love

    काशी में बाबा का तिरंगा शृंगार: सरकारी-गैर सरकारी कार्यालय में फहराया गया झंडा, वीरों को नमन

    Spread the love

    Spread the love80वें स्वतंत्रता दिवस पर शनिवार को काशी आजादी के जश्न में सराबोर रही। पुलिस लाइंस, कलेक्ट्रेट परिसर, रेल इंजन कारखाना समेत सरकारी, गैर सरकारी और निजी संस्थानों में…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *