अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) की एक ब्रीफिंग में ईरान संघर्ष के दौरान अमेरिकी सैनिकों की खपत को लेकर चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल डैन कैन ने बताया कि इस सैन्य अभियान के दौरान सैनिकों ने लगभग 9.5 लाख गैलन कॉफी पी।
युद्ध के दबाव में बढ़ी कैफीन की खपत
जनरल कैन ने कहा कि यह संघर्ष बेहद तनावपूर्ण और चुनौतीपूर्ण था। उन्होंने इसे बेहद कठिन और लगातार दबाव वाला ऑपरेशन बताया। कॉफी के अलावा, सैनिकों ने लगभग 20 लाख एनर्जी ड्रिंक भी पी, जिससे लगातार ऑपरेशन के दौरान उनकी सतर्कता बनी रहे।
लाखों भोजन और अन्य संसाधनों की खपत
रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सैनिकों ने इस अवधि में लगभग 60 लाख भोजन का सेवन किया। इसके साथ ही बड़ी मात्रा में निकोटिन उत्पादों की खपत भी दर्ज की गई। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि लंबे सैन्य अभियानों में केवल हथियार ही नहीं, बल्कि लॉजिस्टिक्स और मानव संसाधन भी कितने महत्वपूर्ण होते हैं।
पेंटागन ब्रीफिंग के दौरान जनरल कैन ने हल्के अंदाज में कहा कि वे यह नहीं कह रहे कि कोई समस्या है, जिस पर वहां मौजूद लोगों के बीच हल्की मुस्कान देखी गई। लेकिन उन्होंने साफ किया कि यह सैन्य अभियान बेहद कठिन परिस्थितियों में संचालित किया गया। उनके अनुसार, हालात गर्म, अराजक, अंधेरे और अनिश्चित थे, जहां हर पल खतरा बना हुआ था।
फिर से तनाव बढ़ने की आशंका
गौरतलब है कि करीब 40 दिनों तक चले अमेरिका-इस्राइल और ईरान के बीच संघर्ष पर फिलहाल विराम लग गया है और सीजफायर लागू हो चुका है। हालांकि, हालात अभी पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं और वैश्विक स्तर पर फिर से तनाव बढ़ने की आशंका बनी हुई है।
इस बीच, डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सैनिक अभी भी अपने ठिकानों पर तैनात हैं और स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं हुई है। उन्होंने संकेत दिया कि केवल एक आदेश के बाद संघर्ष फिर से शुरू हो सकता है। ऐसे में सबसे अधिक दबाव उन सैनिकों पर है, जो दूर-दराज के इलाकों में चुनौतीपूर्ण हालात का सामना कर रहे हैं।








