लश्कर-ए- तैयबा से जुड़े दो आतंकियों को 15 साल की सजा, पाकिस्तानी आतंकी की दोनों ने की थी मदद

Spread the love

 

 

टियाला हाउस कोर्ट ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी मामले में दो दोषियों को 15-15 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी कश्मीर के कुपवाड़ा जिले के हंदवाड़ा निवासी जहूर अहमद पीर और नजीर अहमद पीर हैं, जिन्हें लश्कर-ए-तैयबा के पाकिस्तानी आतंकी बहादुर अली को भारत में घुसपैठ के बाद पनाह, भोजन और अन्य लॉजिस्टिक सहायता प्रदान करने में दोषी पाया गया है।

 

विशेष एनआईए न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने दोनों को सजा सुनाई। धारा 18 और 19 के तहत 15-15 वर्ष तथा धारा 39 के तहत 9 वर्ष की सजा दी गई है, जो साथ-साथ चलेंगी, इसलिए दोनों को कुल 15 वर्ष की सजा काटनी होगी। अदालत ने प्रत्येक दोषी पर 1.50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। अदालत ने 18 दिसंबर 2025 को दोनों को दोषी करार दिया था और फैसले में स्पष्ट किया कि अभियोजन पक्ष ने आरोपों को संदेह से परे साबित कर दिया है। रिकॉर्ड पर ऐसा कोई साक्ष्य नहीं मिला जो उनकी निर्दोषता साबित करता हो।

यह है मामला
जुलाई 2016 में एनआईए ने लश्कर-ए-तैयबा द्वारा भारत में बड़े आतंकी हमलों की साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया था। जांच में पता चला कि बहादुर अली (उर्फ सैफुल्लाह) अन्य आतंकियों के साथ 2016 में बुरहान वानी की मौत के बाद कुपवाड़ा सेक्टर के रास्ते भारत में घुसा था। उसके पास अत्याधुनिक हथियार, विस्फोटक, नेविगेशन उपकरण और संचार साधन थे। एनआईए की जांच में सामने आया कि घुसपैठ के बाद जहूर और नजीर ने बहादुर अली को सुरक्षित ठिकाना, भोजन, बैठकों की व्यवस्था और घाटी में उसके संपर्कों को मजबूत करने में मदद की। दोनों को इस बात की जानकारी थी कि बहादुर अली लश्कर-ए-तैयबा का सदस्य है, जो भारत में प्रतिबंधित है, फिर भी उन्होंने उसकी सहायता की। दोनों को सितंबर 2017 में गिरफ्तार किया गया था और मार्च 2018 में उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई थी।

और पढ़े  NEET- प्रश्नपत्र बनाने वाली लेक्चरर गिरफ्तार, लाखों रुपये फीस लेकर स्पेशल क्लास में बांटे पेपर

Spread the love
  • Related Posts

    नीट पेपर लीक के 9 गुनहगार: सिस्टम के अंदर से हुआ खेला, स्पेशल क्लास से लेकर करोड़ों के सौदे तक…

    Spread the love

    Spread the loveदेश के लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ी नीट यूजी 2026 परीक्षा में एक बार फिर वही हुआ जिसका डर था-पेपर लीक। इस हाई-प्रोफाइल मामले में अब तक…


    Spread the love

    NEET- बार-बार पेपर लीक होने के बावजूद धर्मेंद्र प्रधान को बर्खास्त क्यों नहीं कर रहे? राहुल का PM से सवाल

    Spread the love

    Spread the loveकांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पेपर लीक को लेकर रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि बार-बार पेपर लीक होने के…


    Spread the love