हल्द्वानी शहर के गांधी नगर क्षेत्र में कई घरों में दूषित पानी की आपूर्ति होने की शिकायत बनी हुई है। बृहस्पतिवार को भी जल संस्थान के अधिकारियों ने क्षेत्र में पहुंचकर पेयजल आपूर्ति की जांच की। पांच से छह घरों में दूषित पानी आने की पुष्टि हुई है।
हल्द्वानी शहर में पेयजल की आपूर्ति का स्रोत गौला नदी का पानी है। कुछ समय से गौला का पानी मटमैला हो गया है। इसके चलते शीशमहल फिल्टर प्लांट में पानी के साथ सिल्ट आ रही है। ऐसे में जल संस्थान के अधिकारी शहर की दो लाख से अधिक की आबादी को शुद्ध पानी उपलब्ध कराने के लिए फिटकरी की 18 से 20 सिल्लियों का इस्तेमाल कर रहे हैं।
जल संस्थान के ईई आरएस लौशाली ने बताया कि गांधीनगर क्षेत्र में मटमैला पानी आने की शिकायत मिलने के बाद विभागीय स्तर पर वहां वर्षों पुरानी पेयजल लाइनों को बदलने का काम किया जा रहा है। यह लाइनें गल चुकी हैं जिससे घरों में गंदा पानी पहुंच रहा है। जल्द ही पुरानी लाइनों को बदल दिया जाएगा उसके बाद गांधी नगर में भी शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित हो जाएगी। इंदौर में दूषित पानी पीने से कई लोगों की मौत की खबर आने के बाद से लोग गंदे पानी को लेकर सचेत हैं।








