एक 15 सदस्यीय ट्रैकिंग दल बदरीनाथ से आगे ट्रैकिंग के लिए निकला, लेकिन रास्ता भटक गया। इसकी सूचना एसडीआरएफ को मिली तो टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घने कोहरे, अंधेरे और लगातार हो रही बारिश के बीच दल के सभी सदस्यों को सुरक्षित रेस्क्यू कर निकाला।
गुरुवार को थाना बदरीनाथ के माध्यम से एसडीआरएफ को सूचना मिली कि ज्योतिर्मठ स्थित ड्रोन एडवेंचर ट्रैकिंग कंपनी के संचालक नरेंद्र सिंह रावत अपने 15 सदस्यीय दल के साथ 4 जून को घमसाली से बदरीनाथ के लिए ट्रैकिंग पर निकले थे। ट्रैकिंग के दौरान दल मुछुकुंद गुफा के ऊपरी पर्वतीय क्षेत्र स्थित “मूसा पानी” के समीप सरस्वती नदी पार घने कोहरे और प्रतिकूल मौसम के कारण रास्ता भटक गया।
दल के सदस्य टॉर्च की रोशनी और आवाज लगाकर सहायता की गुहार कर रहे थे। क्षेत्र में गश्त कर रहे आईटीबीपी जवानों ने उनकी गतिविधियां देखीं और तत्काल इसकी सूचना थाने को दी। सूचना मिलते ही टीम रवाना हुई।
काफी मशक्कत के बाद सरस्वती नदी के पार ट्रैकर्स की हलचल दिखाई दी। टीम ने सीटी, टॉर्च और आवाज के माध्यम से उनसे संपर्क स्थापित किया तथा सुरक्षित मार्ग का चयन करते हुए करीब डेढ़ घंटे के कठिन प्रयास के बाद उनके पास पहुंची और वहां से निकाला।








