उत्तराखंड- झंडे जी मेले: देशभर से संगत का आना जारी, भव्य यात्रा के साथ दरबार साहिब में लाया गया ध्वजदंड, 19 को होगा आरोहण

Spread the love

 

 

श्री झंडे जी मेले के लिए श्री दरबार साहिब में रौनक बढ़ने लगी है। मेला बाजार में भव्य सजावट की गई है। देशभर से संगत का आना जारी है। आज रविवार को महंत इंदिरेश अस्पताल, लाल पुल, माता वाला बाग होते हुए दरबार साहिब में ध्वजदंड लाया गया। इस दौरान महंत देवेंद्र दास महाराज की अगुवाई में यात्रा निकाली गई। यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।  19 मार्च को आरोहण के साथ मेला शुरू हो जाएगा।

शनिवार को श्री दरबार साहिब में पूजा-अर्चना के बाद श्रीमहंत देवेंद्र दास महाराज ने संगत को दर्शन दिए। उन्होंने  सभी को श्री झंडे जी मेले की बधाई दी। आयोजन समिति के पदाधिकारियों एवं अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। श्री झंडे जी के आरोहण के लिए मेला आयोजन समिति ने तैयारियों को  अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है।इसके लिए श्री दरबार साहिब में संगत के लिए तीन बड़े लंगर लगाए गए हैं।

 

देर शाम तक पंजाब, यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और राजस्थान से श्रद्धालु पहुंचते रहे। रविवार को एसजीआरआर पब्लिक स्कूल बांबे बाग से संगत नए ध्वजदंड को कंधे पर उठाकर श्री दरबार साहिब लेकर पहुंचेगी। मेला प्रबंधन समिति का अनुमान है कि इस पल का साक्षी बनने के लिए लाखों की संख्या में संगत श्री दरबार साहिब पहुंचेगी।

श्री झंडे जी मेले के लिए श्री दरबार साहिब में आज से गिलाफ सिलाई का काम शुरू होगा। इसके लिए पंजाब से 15 महिलाएं दून पहुंच चुकी हैं। गिलाफ सिलाई का काम 18 मार्च की शाम तक चलेगा। श्री झंडे जी के लिए हर बार गिलाफ सिलाई का काम महिलाएं ही करती हैं।

और पढ़े  हल्द्वानी- रिटायर्ड कर्मचारी को सम्मोहित कर अंगूठी लूटने वाला गिरफ्तार, सीसीटीवी से खुला राज

Spread the love
  • Related Posts

    चमोली सुरंग भूस्खलन- चमोली सुरंग हादसे में राहत और बचाव कार्य जारी, घटनास्थल पर पहुंचे CM धामी,मृतकों के लिए चार-चार लाख देने की घोषणा

    Spread the love

    Spread the loveविष्णुगाड–पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की निर्माणाधीन टनल में अचानक भारी मात्रा में मलबा और पानी आने से वहां काम कर रहे मजदूर अंदर ही फंस गए थे। इसमें…


    Spread the love

    चमोली टनल भूस्खलन- गले तक पानी और मलबे से भर गई आधी टनल, नीले ड्रमों के सहारे जवान रेस्क्यू में जुटे

    Spread the love

    Spread the loveअलकनंदा नदी पर निर्माणाधीन विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की टीआरटी (टेल रेस टनल) में जिस स्थान पर मजदूर काम कर रहे थे, वहां से करीब 150 मीटर दूर…


    Spread the love