मध्यप्रदेश: राजगढ़ में नाले में बही वैन, 9 लोगों की मौत

मध्यप्रदेश में मूसलाधार बारिश का दौर जारी है। सबसे ज्यादा असर राजगढ़ में देखने को मिल रहा है। कई गांवों का संपर्क टूट गया है, नदी-नाले उफान पर हैं। इसी बीच सबसे बड़ा हादसा राजगढ़ के पडाना गांव के पास हुआ। यहां उफनते नाले को कार से पार करने की कोशिश 11 लोगों पर भारी पड़ गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार नाले में उतरते ही तेज बहाव की चपेट में आ गई और देखते ही देखते बह गई। कार में सवार लोग मदद के लिए चिल्लाते रहे, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज था कि कार कुछ ही सेकंड में आंखों से ओझल हो गई। पुलिस के अनुसार इस हादसे में नौ लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, दो लोगों को बचा लिया गया है।

पीड़ित परिवार देवास जिले के सतवास से सारंगपुर के कड़लावद जा रहा था। देवास से आ रही कार नए बने बायपास से होकर गुजर रही थी। वहां बने पुल पर बारिश का पानी अत्यधिक भर गया था। बाहरी चालक होने के कारण उसे जलस्तर और पुल की वास्तविक स्थिति का अंदाजा नहीं लगा। ग्रामीणों के अनुसार पुल पर पहले से जलभराव था और स्थानीय लोगों ने चालक को आगे जाने से रोकने की कोशिश भी की थी। इसके बावजूद चालक जोखिम उठाते हुए वाहन को आगे ले गया, जिससे कार असंतुलित होकर पानी में समा गई।

सूचना मिलते ही SDRF की टीम मौके पर पहुंची। रेस्क्यू बोट और रस्सियों की मदद से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। राहत शिविरों में भोजन, पेयजल और दवाइयों की व्यवस्था की गई है। प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों के पास नहीं जाने और सुरक्षित ऊंचे स्थानों पर रहने की अपील की है।

एक ही परिवार के वैन में थे सवार

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ईको वैन में एक ही परिवार के तीन पुरुष, चार महिलाएं और चार बच्चे सवार थे। बताया जा रहा है कि पड़ाना के पास झिरी नाले पर करीब 30 फीट लंबे पुल का निर्माण चल रहा है। भारी बारिश के कारण नाले का पानी सड़क और पुल के ऊपर से बह रहा था। चालक को निर्माणाधीन पुल और सड़क की वास्तविक स्थिति समझ नहीं आई। ग्रामीणों ने वाहन रोककर आगे पानी और खतरा होने की जानकारी भी दी थी। इसके बावजूद वाहन आगे बढ़ गया और कुछ ही देर में तेज बहाव की चपेट में आकर नाले में बह गया। बताया जा रहा है कि ईको वैन सतवास क्षेत्र के धांसड़ गांव निवासी मुकेश सिंह चौहान के नाम पर पंजीकृत है। हादसे के समय मुकेश ही वाहन चला रहा था। कार बहने के बाद मुकेश और उसके चाचा हुकुम सिंह किसी तरह वाहन से बाहर निकले और तैरकर अपनी जान बचाई। हादसे के बाद दोनों सदमे में बताए जा रहे हैं वही रेस्क्यू टीम ने सात शव बरामद कर लिए थे। ग्राम धासड में जैसे ही इस पूरे मामले को लेकर सूचना लगी तो यहां पर परिवार सहित गांव में मातम छा गया और परिवार में रो-रोकर बुरा हाल हो गया है परिजनों को जिसे इसकी सूचना लगी तो परिजन गांव से सहारनपुर के लिए रवाना भी हो गया है वही परिवार में और गांव मेइस पूरी घटना को लेकर शोक व्याप्त हो गया है।

 

कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर
जिले की प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। निचले इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। कलेक्टर ने अगले आदेश तक जिले के सभी स्कूल बंद रखने के निर्देश दिए हैं। आपदा प्रबंधन, SDRF, पुलिस और होमगार्ड की संयुक्त टीमें लगातार राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं। कई इलाकों में बिजली और मोबाइल नेटवर्क भी प्रभावित हुआ है। प्रशासन ने मौसम सामान्य होने तक लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।

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