दिल्ली : सांसद अतुल राय रेप मामला -सुप्रीम कोर्ट के सामने खुद पर आग लगाने वाली युवती ने तोड़ा दम, युवक की 21 को हो चुकी थी मौत

Spread the love

देश की राजधानी दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट के सामने युवक के साथ आग लगाने वाली युवती ने भी उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। युवक की 21 अगस्त को मौत हो गई थी। सुप्रीम कोर्ट के सामने 16 अगस्त को युवक के साथ एक युवती ने खुद को आग के हवाले कर दिया था। उपचार के दौरान महिला ने आज दम तोड़ दिया। युवक की 21 अगस्त को मौत हो गई थी।
सुप्रीम कोर्ट के गेट नंबर डी के सामने युवक और युवती ने खुद को आग लगा ली थी। युवक की मौत के तीन दिन बाद युवती ने भी तम दोड़ दिया। आग से दोनों गंभीर रूप से झुलस गए थे। दोनों का अस्पताल में इलाज चल रहा था। युवक की 21 अगस्त को राम मनोहर लोहिया अस्पताल में मौत हो गई थी। युवती की हालत काफी नाजुक थी और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था।  

गौरतलब है कि यूपी के घोसी से बसपा सांसद अतुल राय के खिलाफ दुष्कर्म का मामला दर्ज कराने वाली युवती ने अपने साथी युवक के साथ सोमवार दोपहर सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह की कोशिश की थी। सुरक्षाकर्मियों और अन्य लोगों ने किसी तरह आग बुझाकर दोनों को आरएमएल अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई थी।

सांसद के खिलाफ दर्ज मामले की सुनवाई नहीं होने से दोनों आहत थे। पुलिस के अनुसार, 24 वर्षीय पीड़िता यूपी के बलिया और युवक गाजीपुर का रहने वाला था। दोनों सोमवार दोपहर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे और गेट नंबर-डी से अंदर घुसने की कोशिश की थी।
उचित आईडी नहीं होने के कारण सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें रोक लिया था। करीब 12.20 बजे दोनों ने खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली थी। इससे वहां अफरा-तफरी मच गई थी। पुलिस के अनुसार, युवती 85 फीसदी और युवक 65 फीसदी जला था। 

और पढ़े  यूपी: PM मोदी आज करेंगे गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण, लखनऊ के आसपास बदली रहेगी ट्रैफिक व्यवस्था

पुलिस को मौके से एक बोतल मिली थी। माना जा रहा है कि इसमें वे ज्वलनशील पदार्थ लेकर आए थे। पुलिस ने मौके पर फोरेंसिक टीम को भी बुलाया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अस्पताल ले जाते हुए युवती ने बयान दिया कि उसने बसपा सांसद के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। 

यह मामला वाराणसी में चल रहा है, लेकिन सुनवाई नहीं हो रही है। इसलिए वे सुप्रीम कोर्ट आए थे। युवक इस मामले में गवाह है और युवती बयान दिलवाने के लिए उसे साथ लेकर आई थी।


Spread the love
  • Related Posts

    सुप्रीम कोर्ट से टीएमसी को झटका- चुनाव आयोग को नियुक्ति के पूरे अधिकार, नए आदेश की जरूरत नहीं’

    Spread the love

    Spread the loveपश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की मतगणना से पहले टीएमसी को सुप्रीम कोर्ट से एक बड़ झटका लगा है। चुनाव आयोग द्वारा वोटों की गिनती के लिए मुख्य रूप…


    Spread the love

    गिरफ्तारी का कारण न बताना गैरकानूनी, HCने सरकार पर लगाया 10 लाख हर्जाना, पढ़ें..

    Spread the love

    Spread the loveहाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका को स्वीकार करते हुए एक व्यक्ति की गिरफ्तारी और हिरासत को अवैध घोषित कर तुरंत रिहा करने का आदेश दिया…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *