अयोध्‍या : राममंदिर निर्माण के पहले चरण का काम पूरा, कर्नाटक के ग्रेनाइट और मिर्जापुर के सैंड स्‍टोन से ढाली गई नींव

Spread the love

श्रीराम जन्‍म भूमि पर राममंदिर के निर्माण के काम का पहला चरण पूरा हो गया है। इसका आधार अब पूरी तरह तैयार है। गर्भगृह के नीचं करीब 14 मीटर मोटी चट्टान ढाली गई है। राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने मीडिया को इसकी जानकारी देते हुए बताया कि नींव कंक्रीट की है। इसमें दो तरह के पत्थरों (कर्नाटक का ग्रेनाइट, मिर्जापुर का सेंडस्टोन) का इस्‍तेमाल किया गया है। एक ब्‍लॉक 16 घनफुट का है। 30 हजार ब्लॉक एक के ऊपर एक रखे जाएंगे।
चंपत राय ने बताया कि इस वक्‍त नींव की भरपाई का काम अंतिम दौर में है। उन्‍होंने बताया कि निर्माण का काम तेजी से चल रहा है। दूसरे चरण का काम अगले दो महीने में पूरा हो जाएगा। उन्‍होंने बताया कि भव्‍य राममंदिर 2023 तक बनकर तैयार हो जाएगा।
तीन मंजिला होगा राममंदिर
डिजाइन के मुताबिक भव्‍य राम मंदिर तीन मंजिल का होगा। गर्भ गृह में रामलला होंगे। दूसरे तल पर राम दरबार होगा। साढ़े छह एकड़ में मदिर का परकोटा बनाया जाएगा। दिसम्‍बर 2023 तक राम मंदिर बनकर तैयार हो सकता है। निर्माण का काम तेजी से चल रहा है। कंक्रीट की 48वीं परत से मंदिर की नींव भर दी गई है। राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट मीडियाकर्मियों को निर्माण स्‍थल देखने के लिए आमंत्रित किया था। निर्माण की शुरुआत में बात आई थी कि यहां की मिट्टी अस्थिर है। इस वजह से मंदिर की नींव का निर्माण काफी मजबूती से किया। 1,20,000 वर्ग फुट लंबी, चौड़ी और 50 फुट गहरी नींव खोदी गई। इसके बाद उसे सीमेंट और अन्‍य निर्माण सामग्रियों से भरा गया।
ट्रस्‍ट के सदस्‍यों ने बताया कि आधार तैयार हो गया। अब ‘आफ्ट’ बनाया जाएगा। इसके बाद मिर्जापुर से लाए गए करीब चार लाख क्यूबिक फीट गुलाबी पत्थरों से चबूतरा बनाया जाएगा। चबूतरे पर मंदिर का निर्माण किया जाएगा। महासचिव चंपत राय ने बताया कि राजस्थान से लाए गए 1 लाख वर्ग फुट उकेरे गये पत्थर यहां लगाये जाने के लिए तैयार हैं। उन्‍होंने बताया कि बाहरी दीवारों के निर्माण के लिए विशेषज्ञों से विचार-विमर्श चल रहा है।

और पढ़े  सपा सांसद अजेंद्र सिंह लोधी की बढ़ी मुश्किलें, PM पर अमर्यादित टिप्पणी मामले में पुलिस ने दर्ज FIR

Spread the love
  • Related Posts

    श्रम विभाग की बैठक में फैसला, प्रदेश में अब दो दिन वर्क फ्रॉम होम, अलग-अलग शिफ्ट में खुलेंगे ऑफिस

    Spread the love

    Spread the loveप्रदेश में बढ़ती लागत और गैस की कमी के चलते कई उद्योगों पर संकट गहराने लगा है। इसको लेकर श्रम विभाग की उच्च स्तरीय बैठक में महत्वपूर्ण फैसले…


    Spread the love

    13 लाख वाहनों के ट्रैफिक चालान माफ, UP सरकार के अध्यादेश पर सुप्रीम कोर्ट असंतुष्ट, जानें…

    Spread the love

    Spread the loveउत्तरप्रदेश सरकार ने वर्ष 2023 में एक कानून बनाकर 1 जनवरी 2017 से 31 दिसंबर 2021 के बीच के लाखों लंबित यातायात मामलों को स्वतः समाप्त कर दिया।…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *