जय श्रीराम और शंखध्वनि से गूंजी भोजशाला-: गोमूत्र से शुद्धिकरण और गर्भगृह में अखंड ज्योत

Spread the love

ध्य प्रदेश हाईकोर्ट के फैसले और एएसआई की नई गाइडलाइन के बाद रविवार को धार स्थित भोजशाला परिसर में ऐतिहासिक दृश्य देखने को मिला। वर्षों के इंतजार के बाद हिंदू समाज को अब साल के 365 दिन बिना किसी रोक-टोक के पूजा-अर्चना की अनुमति मिलने पर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह नजर आया। सुबह से ही भोजशाला परिसर में भक्ति, उल्लास और जश्न का माहौल बना रहा।

bhojshala worship celebration after asi guidelines and high court verdict in dhar

रविवार सुबह सूर्योदय होते ही हिंदू समाज और भोज उत्सव समिति के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में भोजशाला पहुंचे। समिति के नेतृत्व में श्रद्धालु मां वाग्देवी यानी देवी सरस्वती का भव्य तैल चित्र लेकर परिसर में पहुंचे। भोजशाला में प्रवेश करते ही सनातन परंपरा के अनुसार पूरे परिसर को गो-मूत्र छिड़ककर शुद्ध किया गया। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार और शंखध्वनि के बीच विधि-विधान से पूजा-अर्चना शुरू हुई।

 

रंगोलियों से सजा गर्भगृह, स्थापित की गई अखंड ज्योत

bhojshala worship celebration after asi guidelines and high court verdict in dhar
इस खास अवसर पर भोजशाला के गर्भगृह को रंग-बिरंगी और आकर्षक रंगोलियों से सजाया गया था। वहीं परिसर के बाहर स्थित ज्योति मंदिर की ‘अखंड ज्योत’ को पूरे सम्मान के साथ गर्भगृह के भीतर स्थापित किया गया। मां वाग्देवी के चित्र की स्थापना के दौरान श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। पूरा परिसर “जय श्रीराम” और “मां वाग्देवी की जय” के जयकारों से गूंज उठा। खुशी के इस माहौल में महिलाओं और युवाओं ने पारंपरिक नृत्य कर अपनी प्रसन्नता जाहिर की।

प्रशासन रहा पूरी तरह अलर्ट

bhojshala worship celebration after asi guidelines and high court verdict in dhar

 

पूरे धार्मिक आयोजन को देखते हुए प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क नजर आया। राजीव रंजन मीणा और सचिन शर्मा सुबह से ही मौके पर मौजूद रहे। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था का जायजा लिया। साथ ही वे खुद भी पूजा-अर्चना में शामिल हुए और मां वाग्देवी की आराधना की।

और पढ़े  हम 15 साल की किशोरी का भी गर्भपात करा देते हैं, बच्चा हुआ तो अच्छे पैसे मिलते' खुलासा...

bhojshala worship celebration after asi guidelines and high court verdict in dhar

भोज उत्सव समिति के महामंत्री सुमित चौधरी ने बताया कि सुबह से शुरू हुआ देवी अनुष्ठान और शुद्धिकरण का कार्यक्रम लगातार जारी है। दोपहर 11:45 बजे हिंदू समाज की ओर से भव्य महाआरती का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नई गाइडलाइन मिलने के बाद अब भोजशाला को एक नए और भव्य स्वरूप में विकसित करने की तैयारी की जा रही है। वर्षों के इंतजार के बाद मिले इस अधिकार को श्रद्धालु बड़ी सांस्कृतिक जीत के रूप में देख रहे हैं।


Spread the love
  • Related Posts

    अयोध्या: चढ़ावा चोरी की वजह से भंग हो सकता है राम मंदिर ट्रस्ट, वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की तरह होगी व्यवस्था

    Spread the love

    Spread the loveराममंदिर में चढ़ावा चोरी प्रकरण के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के प्रशासनिक ढांचे में बड़े बदलाव की चर्चा तेज हो गई है। ट्रस्ट महासचिव चंपत राय…


    Spread the love

    लखनऊ में 1 लाख के इनामी बदमाश का एनकाउंटर, बिल्डर संदीप सिंह हत्याकांड का था मुख्य आरोपी

    Spread the love

    Spread the love   उत्तरप्रदेश की लखनऊ पुलिस को आज एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जनपद के इंदिरा कैनाल रोड पर पुलिस टीम के साथ हुई एक मुठभेड़ के…


    Spread the love