पाकिस्तान के बन्नू जिले में शनिवार देर रात एक भीषण आत्मघाती हमला हुआ। मामले में एक आत्मघाती हमलावर ने बारूद से भरी अपनी गाड़ी को फतेह खेल पुलिस चेकपोस्ट में दे मारी। इस जोरदार धमाके में 15 पुलिसकर्मियों की जान चली गई और तीन अन्य जवान घायल हो गए। अधिकारियों ने इस घटना की पुष्टि की है।
धमाका इतना जोरदार था कि पुलिस चेकपोस्ट पूरी तरह मलबे में तब्दील हो गया। बन्नू के डीआईजी सज्जाद खान ने बताया कि विस्फोट से भारी तबाही हुई और कई जवान मलबे के नीचे दब गए। बचाव दल ने रात भर चले अभियान के बाद मलबे से तीन पुलिस अधिकारियों को सुरक्षित बाहर निकाला। घायलों को तुरंत जिला मुख्यालय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डीआईजी ने जाकर उनके इलाज का जायजा लिया।
अधिकारियों ने मृतक जवानों की पहचान कर ली है। इनके नाम रहमत अयाज, सनाउल्लाह, नियाज अली, हबीब, सादुल्लाह जान, कामरान (पुत्र खान सिकंदर), एक अन्य कामरान, नूरुल्लाह, आबिद जानी, इमरान, कलीमुल्लाह, सादिकुल्लाह, मुनीर आलम खान, राहतुल्लाह खान और फारूक हैं। घायल जवानों के नाम मुजरिम फिरोज, हयातुल्लाह और कदरुल्लाह बताए गए हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, धमाका इतना जोरदार था कि इसकी आवाज जिले के दूर-दराज के इलाकों तक सुनी गई। धमाके से आसपास के घरों और नागरिक इमारतों को भी काफी नुकसान पहुंचा है। चश्मदीदों का कहना है कि धमाके की वजह से कई घरों की छतें गिर गईं। खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी ने इस हमले की कड़ी निंदा की है।
इससे पहले रविवार को, बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (बीएलएफ) ने बलूचिस्तान के अलग-अलग इलाकों में 10 ऑपरेशनों की जिम्मेदारी ली है। संगठन का दावा है कि उन्होंने खारन, वाशुक, आवारान, केच और मस्तुंग में हमले किए। इन हमलों में 10 सुरक्षाकर्मी और 4 अन्य लोग मारे गए। बीएलएफ प्रवक्ता मेजर ग्वहराम बलूच ने कहा कि उनके लड़ाकों ने सैन्य शिविरों, काफिलों और सड़क निर्माण कंपनी की सुरक्षा में लगे जवानों को निशाना बनाया। उन्होंने यह भी दावा किया कि 3 मई को खारन शहर में एक चेकपोस्ट पर रॉकेट और ग्रेनेड लॉन्चर से हमला किया गया था, जिसमें काफी नुकसान हुआ था। संगठन ने हथियार जब्त करने और निगरानी कैमरों को नष्ट करने की बात भी कही है।







