MP: जिला अस्पताल में 22 मासूमों की मौत से हड़कंप! बीते 1 महीने से लगातार जा रही बच्चों की जान

Spread the love

न्ना जिला अस्पताल एक बार फिर गंभीर सवालों के घेरे में है। यहां नवजात शिशु गहन चिकित्सा इकाई यानी एसएनसीयू में पिछले एक महीने के दौरान जन्म से लेकर एक वर्ष तक की उम्र के 22 मासूम बच्चों की मौत ने हड़कंप मचा दिया है। लगातार हो रही इन मौतों के बाद अस्पताल की व्यवस्थाओं, इलाज की गुणवत्ता और जिम्मेदारी को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी स्वयं जिला अस्पताल पहुंचे और एसएनसीयू वार्ड का निरीक्षण किया।

पन्ना जिला चिकित्सालय की एसएनसीयू यूनिट, जहां गंभीर रूप से बीमार नवजात और छोटे बच्चों का इलाज किया जाता है, इन दिनों चर्चा का केंद्र बनी हुई है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार पिछले एक माह में यहां 22 बच्चों की मौत हुई है। यह संख्या सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। लगातार हो रही मौतों ने परिजनों की चिंता भी बढ़ा दी है।
सीएमएचओ खुद पहुंचे 
स्थिति का जायजा लेने के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी राजेश प्रसाद तिवारी जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने एसएनसीयू वार्ड का निरीक्षण किया और डॉक्टरों व स्टाफ से उपचार व्यवस्था, उपलब्ध संसाधनों, दवाइयों, उपकरणों तथा स्टाफ की स्थिति की जानकारी ली। साथ ही सभी मामलों की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश भी दिए।
स्वास्थ्य विभाग की अलग दलील
सीएमएचओ राजेश प्रसाद तिवारी  का कहना है कि एसएनसीयू में भर्ती होने वाले अधिकांश बच्चे गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के साथ रेफर होकर आते हैं। सभी मामलों की जांच की जा रही है और प्रत्येक मौत के कारणों की विस्तृत समीक्षा के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। वहीं दूसरी ओर परिजनों का कहना है कि अस्पताल में बेहतर इलाज और पर्याप्त सुविधाएं सुनिश्चित की जानी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

और पढ़े  Today Weather: मध्यप्रदेश में झमाझम का दौर, 14 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, अगले 3 दिन बरसेंगे बादल

वो सवाल जिनके जवाब का हर किसी को इंतजार
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर एक महीने में 22 मासूमों की मौत के पीछे वास्तविक कारण क्या हैं? क्या सभी मौतें केवल गंभीर चिकित्सकीय स्थितियों के कारण हुईं या फिर अस्पताल की व्यवस्थाओं में भी कहीं कोई कमी रही? इन सवालों के जवाब जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएंगे। फिलहाल स्वास्थ्य विभाग ने पूरे मामले की समीक्षा शुरू कर दी है और जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।


Spread the love
  • Related Posts

    MP- दर्दनाक हादसा: खड़े ट्रक में जा घुसी तेज रफ्तार कार, तीन लोगों की मौत, नौ घायल

    Spread the love

    Spread the loveबैतूल जिले के मुलताई फोरलेन पर शनिवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे में तीन लोगों की जान चली गई, जबकि नौ अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।…


    Spread the love

    लाड़ली बहना योजना- रक्षाबंधन पर CM का मोहन बड़ा तोहफा, लाड़ली बहनों के खाते में आज आएंगे 1750 रुपये

    Spread the love

    Spread the loveमध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव 19 अगस्त को मैहर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में लाड़ली बहना योजना की राशि महिलाओं के खातों में ट्रांसफर करेंगे। मुख्यमंत्री…


    Spread the love