राम जन्मभूमि का दर्शन और दंडवत प्रणाम करने वाले इकलौते प्रधानमंत्री हैं नरेंद्र मोदी, राम जन्मभूमि का ब‍िना दर्शन कर लौटने वाले 4 प्रधानमंत्री..

Spread the love

राम जन्मभूमि का दर्शन और दंडवत प्रणाम करने वाले इकलौते प्रधानमंत्री हैं नरेंद्र मोदी, राम जन्मभूमि का ब‍िना दर्शन कर लौटने वाले 4 प्रधानमंत्री,
इंदिरा गांधी ,राजीव गांधी ,एचडी देवेगौड़ा,व अटल बिहारी वाजपेयी, प्रधानमंत्री रहते अयोध्‍या तो आए लेक‍िन रामलला के दर्शन नहीं क‍िए थे।

रामनगरी अयोध्‍या में समय समय पर 5 प्रधानमंत्र‍ियों का आगमन हुआ। लेक‍िन रामलला का दर्शन करने वाले नरेंद्र मोदी इकलौते प्रधानमंत्री हैं। इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, एचडी देवेगौड़ा ,व अटल बिहारी वाजपेयी, प्रधानमंत्री रहते अयोध्‍या तो आए लेक‍िन रामलला के दर्शन नहीं क‍िए थे। रामनगरी में पांच प्रधानमंत्रियों का अयोध्या आना हुआ लेकिन रामलला का दर्शन सिर्फ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ही किया। वर्ष 2020 में पांच अगस्त को प्रधानमंत्री मोदी ने रामजन्मभूमि पर भव्य-दिव्य मंदिर के लिए भूमि पूजन किया था और विरासत के कैनवास पर उस समय श्रद्धाभाव से भरा-पगा ऐसा अद्वितीय चित्र भी बना था, जब पीएम ने रामलला को साष्टांग दंडवत किया था।
प्रधानमंत्री मोदी अकेले ऐसे नेता हैं, जो प्रधानमंत्री पद पर रहते हुए और उससे पहले भी रामलला का दर्शन कर चुके हैं, जबकि उनके अलावा चार प्रधानमंत्री यहां आ चुके हैं। इनमें इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, एचडी देवेगौड़ा व अटल बिहारी वाजपेयी के नाम शामिल हैं। हालांकि, इंदिरा जी के आगमन के समय रामजन्मभूमि पर ताला लगा था। प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी 3 बार अयोध्या आईं
रामजन्मभूमि पर 22-23 दिसंबर 1949 की मध्य रात्रि रामलला का प्राकट्य हुआ था। हालांकि, रामलला का दर्शन वर्ष 1986 में एक फरवरी के बाद सुलभ हुआ, जब न्यायालय ने रामजन्मभूमि का ताला खोलने का निर्देश दिया। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी 3 बार अयोध्या आईं। 1966 में वह सरयू पुल का उद्घाटन करने अयोध्या आईं थीं। इसके बाद 1975 में वह आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय का शिलान्यास करने अयोध्या आईं। वर्ष 1979 में भी अयोध्या आने पर उन्होंने बजरंगबली का दर्शन-पूजन किया था।
राजीव गांधी बतौर प्रधानमंत्री यहां आए थे। 9 नवंबर 1989 को राजीव गांधी के प्रधानमंत्री रहते जन्मभूमि पर रामलला के मंदिर का शिलान्यास हुआ था, लेकिन राजीव गांधी स्वयं अयोध्या नहीं आए थे, बल्कि दिगंबर अखाड़ा के महंत रामचंद्रदास परमहंस, गोरक्षपीठ के महंत रहे अवेद्यनाथ, विहिप के शीर्ष नेता अशोक सिंहल और कामेश्वर चौपाल आदि ने मंदिर का शिलान्यास किया था। वर्ष 1990 में सद्भावना यात्रा में उनका आना हुआ था, लेकिन रामलला का दर्शन-पूजन नहीं किया था। प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा ने कैंट में की थी सभा ।

और पढ़े  श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर निर्माण के लिए मथुरा पहुंचे भरतपुर के गुलाबी पत्थर

वर्ष 1997 में तत्कालीन प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा सरयू रेलवे ओवरब्रिज का शिलान्यास करने आए थे। उन्होंने कैंट में सभा की थी, लेकिन रामलला का दर्शन नहीं किया था।बतौर पीएम अटल ब‍िहारी वाजपेयी भी दो बार आए दिग्गज नेता अटल बिहारी वाजपेयी बतौर प्रधानमंत्री रहते यहां दो बार आए थे। वर्ष 2002 में मंदिर आंदोलन के शलाका पुरुष रामचंद्रदास परमहंस के साकेतवास पर व वर्ष 2004 में उन्होंने हवाई अड्डे पर चुनावी सभा को संबोधित किया था। दोनों ही अवसरों पर उन्होंने कहा था कि परमहंस जी का सपना अवश्य पूरा होगा, लेकिन प्रधानमंत्री रहते उन्होंने रामलला और बजरंगबली का दर्शन-पूजन नहीं किया था। अब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 23 अक्टूबर को एक बार रामनगरी के सबसे बड़े और भव्य-दिव्य दीपोत्सव में सम्मिलित होंगे।


Spread the love
  • Related Posts

    पीजी में असम की युवती की बेरहमी से हत्या: धारदार हथियार से किए कई वार, नौकरी की तलाश में नोएडा आई थी महक

    Spread the love

    Spread the love नोएडा के सेक्टर-49 बरौला स्थित पीजी में एक युवती की बेरहमी से हुई हत्या ने सनसनी फैला दी है। असम की मूल निवासी, 19 वर्षीय महक अहमद पर धारदार…


    Spread the love

    राममंदिर ट्रस्ट ने फुल-टाइम CEO के चयन के लिए शुरू किए इंटरव्यू, 5200 आवेदनों में से 18 शॉर्टलिस्ट

    Spread the love

    Spread the loveश्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने मंदिर के संचालन और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में कदम बढ़ाते हुए अपने पहले फुल-टाइम चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *