उत्तराखंड हाईकोर्ट ने बागेश्वर गरुड़ गंगा में 22 करोड़ रुपये की लागत से बन रही बहुमंजिला पार्किंग निर्माण पर लगी रोक को जारी रखते हुए जिला अधिकारी व उपजिलाधिकारी से तीन सप्ताह में जवाब देने को कहा है।
मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार गुप्ता और न्यायाधीश सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ के समक्ष हुई। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि यह निर्माण कार्य नदी के मध्य में किया जा रहा है जो गलत है। इसमें 22 करोड़ रुपए की राशि पानी मे बहाने के समान है। इसमें कभी भी आपदा आने पर भारी तबाही हो सकती है इसलिए इसपर लगी रोक को जारी रखा जाय। गरुड़, बागेश्वर निवासी दिनेश चंद्र सिंह की ओर से जनहित याचिका दायर कर कहा गया है कि गरुड़ में 22 करोड़ रुपये की लागत से गरुड़ गंगा के मध्य में बहुमंजिला पार्किंग बनाई जा रही है जिससे ना केवल नदी के प्रवाह को खतरा बना हुआ है बल्कि बरसात के दिनों में बाढ़ व आपदा का खतरा भी बन सकता है। याचिका में कहा गया है है कि कार्यदायी संस्था ब्रिडकुल पिथौरागढ़ की ओर से 7 जून 2024 के शासनादेश का उल्लंघन कर बनाई जा रही इस बहुमंजिला पार्किंग पर रोक लगाई जाए।







