अंकिता हत्याकांड- ऋषिकेश एम्स में हुआ अंकिता भंडारी का पोस्टमार्टम,देर शाम श्रीनगर पहुंचा शव,लोगों में भारी आक्रोश

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ऋषिकेश एम्स में अंकिता भंडारी का पोस्टमार्टम हो गया है। तीन डॉक्टरों के पैनल ने अंकिता का पोस्टमार्टम किया। अंकिता का शव देर शाम ऋषिकेश से श्रीनगर पहुंच गया है। यहां भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात है। अलकनंदा किनारे अंकिता का अंतिम संस्कार होगा। एसडीएम अजय वीर सिंह ने बताया कि घाट पर दाह संस्कार के इंतजाम कर दिए गए हैं।

अंकिता की हत्या को लेकर लोगों का आक्रोश थम नहीं रहा है। ऋषिकेश एम्स के बाहर भारी संख्या मौजूद लोगों ने अंकिता की पोस्टमार्टम रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग की। लोगों ने यहां एंबुलेंस को रोकने की कोशिश की। जिसके बाद पुलिस ने बमुश्किल लोगों को पीछे हटाना पड़ा।

वहीं पार्टी से निष्कासित किए जाने के बाद विनोद आर्य ने कहा कि जांच में किसी तरह का कोई व्यवधान न हो इसलिए इस्तीफा दे दिया। प्रदेशभर में अंकिता के लिए इंसाफ की मांग उठी तो मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी मामले में सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि इस घटना ने सभी को पीड़ा पहुंचाई है। उत्तराखंड की बेटी को इंसाफ जरूर मिलेगा। अंकिता की हत्या के मुकदमे की जांच (विवेचना) के लिए पुलिस मुख्यालय ने चार सदस्यीय एसआईटी गठित कर दी है। एसआईटी की प्रभारी डीआईजी कानून व्यवस्था पी रेनूका देवी होंगी। जबकि, इसमें एसपी रेखा यादव, एएसपी कोटद्वार शेखर सुयाल और मुकदमे का विवेचक सदस्य बनाए गए हैं। एसआईटी ने शनिवार को घटनास्थल और जहां से अंकिता का शव मिला वहां जाकर जांच भी शुरू कर दी है। इस मामले में पुलिस एक माह के भीतर चार्जशीट दाखिल करेगी। पौड़ी ब्लॉक के श्रीकोट निवासी एक रिजॉर्ट की रिसेप्सनिस्ट अंकिता भंडारी की हत्या के बाद से पूरे प्रदेश में गुस्से का माहौल है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस और प्रशासन रिजॉर्ट पर भी बुल्डोजर चला चुका है। अंकिता की हत्या के तीनों आरोपी न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजे जा चुके हैं। चारों ओर गम और गुस्से का माहौल देखकर पुलिस भी इस मामले में कोई कोताही नहीं बरतना चाहती है। डीजीपी अशोक कुमार ने बताया कि इस मामले में की जल्द से जल्द विवेचना पूरी की जाएगी। इसके लिए एक डीआईजी पी रेनुका देवी के नेतृत्व में चार सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया है। एसआईटी को बारीकी से जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। डीजीपी ने बताया कि एसआईटी ही अब आगे साक्ष्यों का संकलन करेगी। ताकि, मुकदमे की विवेचना में कोई तथ्य न छूटे, जिसका आरोपियों को लाभ मिल सके। एसआईटी को एक माह के भीतर विवेचना पूरी कर चार्जशीट दाखिल करने के निर्देश दिए गए हैं। इन्हीं निर्देशों के क्रम में शनिवार को एसआईटी ने चीला नहर किनारे घटनास्थल, शव मिलने के स्थान चीला पॉवर हाउस और रिजॉर्ट वाले स्थान पर जाकर साक्ष्य जुटाए हैं।

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