हरिद्वार पहुंचे पूर्व जस्टिस ध्यानी, किया परीक्षा केंद्र का निरीक्षण

Spread the love

 

पेपर लीक मामले की जांच के लिए गठित एकल सदस्यीय आयोग के अध्यक्ष पूर्व जस्टिस यूसी ध्यानी ने सोमवार को हरिद्वार के परीक्षा केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने वहां मौजूद प्रबंधन के अधिकारियों से जानकारी ली। इसके अलावा एसआईटी के सदस्यों ने भी जस्टिस ध्यानी से मुलाकात की। उन्होंने उनके साथ अब तक की जांच की प्रगति को भी साझा किया।

पिछले सप्ताह पेपर लीक मामले में जांच के लिए एसपी देहात देहरादून जया बलोनी के नेतृत्व में पांच सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया था। एसआईटी की जांच की निगरानी के लिए पूर्व जस्टिस बीएस वर्मा को जिम्मेदारी दी गई थी। जस्टिस वर्मा ने खुद को इस जांच से अलग करने की घोषणा की तो पूर्व जस्टिस यूसी ध्यानी को एकल सदस्यीय आयोग का अध्यक्ष बना दिया गया। उन्होंने सोमवार को पदभार ग्रहण किया था। इसके बाद अब वह मंगलवार को सबसे पहले हरिद्वार के बहादरपुर जट स्थित परीक्षा केंद्र का निरीक्षण किया। जस्टिस ध्यानी वहां करीब दो घंटे रहे। उन्होंने खालिद के आने जाने वाले रास्तों का भी मुआयना किया और कक्ष का भी।
जस्टिस ध्यानी ने इस दौरान वहां मौजूद कई अधिकारियों और कर्मचारियों से भी बात की। देहरादून लौटने पर उन्होंने एसआईटी के सदस्यों से मुलाकात की। एसआईटी प्रभारी ने उन्हें इस मुलाकात के दौरान अब तक की जांच की जानकारी दी। बता दें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सोमवार को पेपर लीक मामले में सीबीआई जांच की संस्तुति कर चुके हैं। वर्तमान में शासन में इस संस्तुति को केंद्र को भेजने की प्रक्रिया चल रही है। जल्द ही इसे केंद्र को प्रेषित किया जाएगा।

Spread the love
और पढ़े  देहरादून- तैयार हो जाएं युवा, उत्तराखंड में पीसीएस के 63 पदों के लिए होगी भर्ती, आयोग जल्द जारी करेगा विज्ञापन
  • Related Posts

    अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज में रैगिंग…PG छात्र ने MBBS के विद्यार्थियों को किया परेशान, एंटी रैगिंग कमेटी की बैठक आज

    Spread the love

    Spread the loveसोबन सिंह जीना राजकीय आयुर्विज्ञान और शोध संस्थान (अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज) में रैगिंग का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक पीजी छात्र ने एमबीबीएस बैच 2023…


    Spread the love

    उत्तराखंड- मदरसों का अस्तित्व केवल बोर्ड पर निर्भर, ये मान लेना सही नहीं, सरकार के फैसले पर जमीअत का बयान

    Spread the love

    Spread the loveउत्तराखंड मदरसा बोर्ड समाप्त कर अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के संबंध में बुधवार को जमीअत उलेमा-ए-हिंद ने बयान जारी किया। उन्होंने इस कानून के क्रियान्वयन पर पुनर्विचार करने और…


    Spread the love