यूपी में पीएम पोषण के तहत परिषदीय व एडेड स्कूलों में कार्यरत 3.53 लाख रसोइयों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित किए। राजधानी लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में समारोह आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंच से 11 रसोइयों को कैशलेस चिकित्सा कार्ड दिया।
ब्रजेश पाठक ने देशी अंदाज में रसोइयों से की बात
इस मौके पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने अपने देशी अंदाज में कहा कि जिज्जी, बहिनी और बिटिया या बताओ आज तक कौनो मुख्यमंत्री तुम्हार सुधि लिहिस रहै। सब लोग बताओ। आज जानि लेव तुम्हरौ सुधि ले वालौ कोऊ है। आपका मानदेय दुइ हजार से तीन हजार होइगा है। अब अगर बीमारी अजारी आ जाइ तो पांच लाख तक का इलाजौ फिरी होइ।
बच्चों को स्वच्छता के साथ पौष्टिक आहार मिले
सीएम ने आगे कहा पहले न गरीब की बात सुनते थे, न गांव की सुनते थे, न शहर की सुनते थे। लोगों की बात सुनने के लिए क्षमता होनी चाहिए। आज डबल इंजन की सरकार हर किसी की बात सुनती है। आज आप हर साल अपने स्वास्थ्य पर पांच लाख खर्च कर सकते हैं, पैसे सरकार देगी। आपका दायित्व है कि आपकी रसोई साफ सुथरा रहे। बच्चों को नियमानुसार पोषण के हिसाब से खाना मिले।
दुश्मन से सावधान रहें
बच्चों को मीनू के अनुसार, समय पर स्वच्छता के साथ पौष्टिक आहार मिले। बच्चे जब आगे बढ़ेंगे तो आपका भी सम्मान होगा। कोई भी दुश्मन ऐसा न करने पाए, जो आपको कटघरे में खड़ा करे। जब आप रसोई बनाएं, वहां पर कोई दूसरा न जाए। क्योंकि, कोई भी विश्वासघात कर सकता है। खाना बनाते समय ध्यान रखें, खाने में कोई छिपकली न गिरे, किसी प्रकार की लापरवाही न हो।
उन्होंने कहा कि आज 18 कमिश्नरी में 18 अटल आवासीय विद्यालय चल रहे हैं। इनमें 18 हजार से अधिक बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। हमने देखा कि जब महाकुंभ में भीड़ ज्यादा बढ़ गई, तो आसपास के जिलों में होल्डिंग क्षेत्र बनाया गया, तब एक करोड़ से अधिक लोगों के लिए रोसइयों ने खाना बनाया। कोरोना कालखंड में जो बच्चे अनाथ हो गए, उनके लिए 4 हजार प्रति माह पढ़ाई के लिए पैसे उपलब्ध करा रहे हैं। जिनके बारे में किसी ने नहीं सोचा, उनको हम प्रदेश के अंदर योजनाओं से आच्छादित कर रहे हैं। 14 हजार दिव्यांग बच्चों को छह हजार रुपये वाहन के लिए उपलब्ध करा रहे हैं।






