चंद रुपये में आज भी कर रहे मरीजों का उपचार
77 वर्ष की उम्र में भी डॉ. कंवर अपने घर पर मरीजों का महज चंद रुपये में उपचार कर रहे हैं। उन्होंने मृत्यु के बाद अपनी देह मेडिकल छात्रों के अध्ययन के लिए मेडिकल कॉलेज को दान करने का भी निर्णय लिया है। इसके लिए एनाटॉमी विभाग में लिखित सहमति दी है और विभाग ने उन्हें पहचान पत्र भी जारी किया है। डॉ. कंवर ने तीन जनवरी 1977 को स्वास्थ्य विभाग में मेडिकल ऑफिसर के रूप में सेवा शुरू की थी। वर्ष 2010 में वरिष्ठ चिकित्सक के पद से सेवानिवृत्त हुए। उनकी पत्नी कृष्णा कंवर शिक्षा विभाग में करीब 32 वर्ष सेवाएं देने के बाद वर्ष 2011 में प्रधानाचार्य पद से सेवानिवृत्त हुई थीं। उनका छह दिसंबर 2020 को निधन हो गया था।
सीएम सुक्खू से मुलाकात कर जताई इच्छा
डॉ. कंवर ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू से मिलकर संपत्ति के उपयोग को लेकर अपनी इच्छा बताने की बात कही है। उन्होंने एसडीएम नादौन को भी इस संबंध में अवगत करवाया है। एसडीएम निशांत शर्मा ने निर्णय की सराहना की।








