केदारघाटी सहित बाबा केदारनाथ धाम में शुक्रवार को हुई भारी बर्फबारी से तापमान माइनस में पहुंच गया है। ऐसे में भी इस उच्च हिमाच्छादित क्षेत्र जनजीवन शून्य, शरीर कंपा देने वाली कही फुट ऊंची बर्फ में भी जनपद पुलिस और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस के जवान केदारनाथ धाम की सुरक्षा में लगे हुए हैं।
पुलिस बल और आईटीबीपी के जवान मंदिर परिसर और आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी बर्फ के बीच गश्त कर रहे हैं। इस समय धाम में तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे गिर चुका है, लेकिन जवानों के मनोबल में कोई कमी नहीं आई है। बर्फबारी के कारण आवागमन के रास्तों पर जमा बर्फ को साफ करने और व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए कार्य कर रहे हैं।
बारिश व बर्फबारी के बाद शनिवार को चटख धूप खिलने पर लोगों ने कड़ाके की ठंड में राहत की सांस ली। ऊंची चोटियों के साथ ही निचली चोटियां भी बर्फ से ढकी हैं। शनिवार को धूप की पहली किरण पड़ते ही हिमाच्छादित चोटियां धवल हो उठी। बदरीनाथ धाम में भी चारों ओर बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है।
नंदानरगर का रामणी गांव, ज्योतिर्मठ का डुमक और दशोली विकास खंड के ईराणी सहित कई गांव अभी भी बर्फ से ढके हुए हैं। बदरीनाथ हाईवे के साथ ही मलारी हाईवे, चमोली-ऊखीमठ हाईवे, औली और रामणी क्षेत्र को जोड़ने वाली सड़कें बर्फ जमीं होने से अभी भी छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए नहीं खुल पाई हैं।









