डकैती: बदमाशों ने दो घंटे बरपाया कहर, महिलाओं को पीटा, बक्से-बेड तोड़कर खंगाले

Spread the love

दायूं के इस्लामनगर कस्बे में कच्छा-बनियान गिरोह की वारदात ने पुलिस सुरक्षा की पोल खोल दी। मंगलवार देर रात किसान निजाकत के घर में डकैती की घटना की सूचना देने के बावजूद इस्लामनगर पुलिस करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंची। इससे ग्रामीणों में गुस्सा देखा गया। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना हुआ है।

 

वारदात इस्लामनगर कस्बे की बिल्सी-बिसौली रोड स्थित बाहरी इलाके में हुई, जो संभल और मुरादाबाद जिले की सीमा के नजदीक है। बदमाशों के इन जिलों से भी कनेक्शन होने का शक पुलिस जाहिर कर रही है। पीड़ित निजाकत के मुताबिक सात हथियारबंद बदमाशों ने परिवार को बंधक बनाकर करीब 19 लाख रुपये की डकैती की वारदात को अंजाम दिया है। विरोध करने पर महिलाओं समेत परिवार के छह लोगों को तमंचों की बट और लाठी डंडों से बेरहमी से पीटा था। वारदात के दौरान बदमाशों ने खाना मांगा था, लेकिन पीड़ित के घर में गोश्त बना था। इसका नाम सुनकर बदमाश भड़क गए थे।

Budaun robbery case Miscreants wreaked havoc for two hours beat up women

 

बदमाशों ने महिलाओं को भी पीटा 
कस्बे में एक साल से रह रहे किसान निजाकत के दोनों बेटे जुबेर और इफ्तिखार बाहर रहकर नौकरी कर रहे हैं। इसके चलते घर में महिलाओं की ही संख्या ज्यादा थी। निजाकत के छोटे भाई की पत्नी नाजिश अपने बेटे अल्तमश के साथ मुड़िया गांव से उर्स का मेला देखने के लिए आई हुई थीं। विरोध करने पर महिलाओं को खुद बदमाशों के हमले का शिकार होना पड़ा।

 

ग्रामीण बोले- तुरंत दी सूचना, देर से पहुंची पुलिस 
पीड़ित परिवार और ग्रामीणों का आरोप है कि बदमाशों के जाने के बाद घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दे दी गई थी, लेकिन इस्लामनगर पुलिस करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंची। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पुलिस समय रहते पहुंच जाती तो बदमाशों की घेराबंदी संभव हो सकती थी। पुलिस की देरी को लेकर लोगों में नाराजगी साफ दिखाई दी। ग्रामीणों ने बाहरी इलाकों में रात के समय पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग उठाई। लोगों का कहना है कि जिले में लगातार चोरी और लूट की घटनाएं बढ़ रही हैं, लेकिन पुलिस अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने में नाकाम साबित हो रही है। 

और पढ़े  Elections: पंचायत चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची आज होगी जारी, नौ अंकों का नया वोटर नंबर लागू

 

गांव सिठौली में भी हुई लूट 
कच्छा-बनियान गिरोह की सक्रियता ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल घटना के बाद से पूरे इलाके में भय का माहौल है और ग्रामीण रातभर जागकर पहरा देने को मजबूर हैं। इस बीच क्षेत्र के ही गांव सिठौली में मुनीश समेत चार लोगों के घर में भी बीती रात बदमाशों ने लूटपाट की। हालांकि दोनों जगह वारदात में बदमाश अलग-अलग होने की बात पुलिस ने कही है।

 

बक्से, बेड और दीवान सब तोड़कर खंगाले  
पीड़ित निजाकत ने बताया कि बदमाश करीब दो घंटे घर में रहे। उन्होंने घर का कोना-कोना खंगाल डाला। बदमाशों ने बक्सों, बेड, दीवान और अलमारियों को तोड़कर उनमें रखा सामान निकाल लिया। 
खेत में मिली बीयर की खाली बोतलें और गिलास 
घटना के बाद पुलिस ने आसपास के खेतों और इलाके की गहन तलाशी ली। जांच के दौरान घटनास्थल के पास खेत में बीयर की खाली बोतलें और गिलास पड़े मिले। फॉरेंसिक टीम ने मौके से कई अहम साक्ष्य जुटाए हैं। एसएसपी अंकिता शर्मा ने खुद आसपास लगे सीसी कैमरों की फुटेज देखी और संदिग्धों के आने-जाने के रास्तों की जानकारी जुटाई।
उर्स मेले के शोर में दब गई चीखें 
घटना स्थल से महज करीब 200 मीटर की दूरी पर उर्स मेला चल रहा था। मेले में देर रात तक भीड़ और शोर-शराबा था। माना जा रहा है कि इसी शोर के चलते आसपास के लोगों का ध्यान पीड़ित परिवार की चीख-पुकार पर नहीं गया।
कहा- हरी सब्जियां खाया करो  
पीड़िता फिजा ने बताया सभी बदमाशों के हाथों में हथियार थे। बदमाशों ने मारपीट के दौरान खाना भी मांगा। फिजा के अनुसार, उसने बताया कि घर में गोश्त बना है तो बदमाशों ने कहा, गंदी चीज खाते हो, हम नहीं खाते, हरी सब्जियां खाया करो। यह कहते हुए खाना खाने से मना कर दिया। फिजा ने बताया कि बदमाशों ने फ्रिज खोलकर पानी भी पीया और पूरे घर में आराम से घूमते रहे। जाते-जाते उन्होंने परिवार को पुलिस को सूचना देने पर जान से मारने की धमकी भी दी।
मुर्गा बनाकर पीटा
वारदात को अंजाम देने के दौरान बदमाशों ने सभी के हाथ-पैर बांध दिए। हालांकि इफ्तिखार की पत्नी फिजा के हाथ इसलिए नहीं बांधे क्योंकि उन्होंने अपने एक वर्षीय बेटे अली रजा को संभाल रखा था। घर से बदमाशों के जाने के बाद फिजा ने एक-एक कर परिवार के सदस्यों के बंधन खोले। इसके बाद निजाकत ने पुलिस पीआरवी को सूचना दी। फिजा का कहना था कि परिजनों को मुर्गा बनाकर पिटाई की गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को जिला अस्पताल भेजा। वहां प्राथमिक उपचार के बाद परिजन उन्हें निजी अस्पतालों में ले गए।
आरोपियों के तैयार कराए जा रहे स्कैच, चार टीमें गठित 
पीड़ितों द्वारा बताए गए हुलिये के आधार पर आरोपियों के स्कैच तैयार कराए जा रहे हैं। पुलिस ने कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी अंकिता शर्मा ने थाना प्रभारी इस्लामनगर को 72 घंटे के भीतर घटना के खुलासे का अल्टीमेटम दिया है।
अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही गिरोह का पर्दाफाश कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। एसपी ग्रामीण हृदेश कठेरिया ने बताया कि लुटेरों की संख्या चार थी। उन्हें पकड़ने के लिए सर्विलांस, एसओजी और थाना पुलिस की चार टीमें गठित की गई हैं। वहीं बुधवार देर रात बरेली डीआईजी अजय साहनी ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति परखी।

Spread the love
  • Related Posts

    मोदी सरकार के 12 साल: CM योगी बोले- पीएम मोदी ने देश को पॉलिसी पैरालिसिस और भ्रष्टाचार के दौर से बाहर निकाला

    Spread the love

    Spread the loveकेंद्र में मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में लोकभवन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मीडिया को संबोधित किया और प्रदर्शनी का उद्धाटन किया।…


    Spread the love

    अयोध्या- राम मंदिर के दान में गबन पर सियासत: ‘पहले जमीन घोटाला, अब चढ़ावे में चोरी’, गोपनीय ढंग से गड़बड़ी की जांच

    Spread the love

    Spread the loveराम मंदिर की दान राशि में कथित गड़बड़ी और गबन के आरोपों को लेकर चर्चा लगातार तेज है, लेकिन इस पूरे मामले पर ट्रस्ट के शीर्ष ट्रस्टी अब…


    Spread the love