भतीजी की हत्या के 1 साल बाद मौसा-मौसी गिरफ्तार, शव को गद्दे में लपेटकर ठिकाने लगाने का आरोप

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पिछले साल एक व्यक्ति ने कथित तौर पर अपनी चार साल की भतीजी की पीट-पीटकर हत्या कर दी। बाद में उसने और उसकी पत्नी ने शव को गद्दे में लपेटकर महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले में एक सुनसान जगह पर फेंक दिया। कल्याण के जोन III के पुलिस उपायुक्त अतुल जेंडे ने बुधवार को बताया कि लगभग एक साल तक लापता लड़की के मामले की जांच के बाद ठाणे पुलिस ने सोमवार को उसके मौसा-मौसी को गिरफ्तार कर लिया। मामला इतना जघन्य था कि पुलिस केवल पीड़िता का सिर ही बरामद कर पाई है।

पीड़िता के पिता राहुल घाडगे पिछले साल जेल में थे
पीड़िता के पिता राहुल घाडगे पिछले साल जेल में थे। अधिकारी ने एक विज्ञप्ति में बताया कि बच्ची की देखभाल करने वाला कोई नहीं होने के कारण रायगढ़ के भिवपुरी रोड स्थित चिंचवली निवासी उसकी मौसी अपर्णा अनिल मकवाना उर्फ अपर्णा प्रथमेश कांबरी (22) और उनके पति प्रथमेश प्रवीण कांबरी (23) उसे अपने घर ले गए।

 

मौसा आग बबूला हो गए और जानलेवा हमला कर दिया
जेंडे ने बताया, ‘शुरुआत में दंपति ने दावा किया कि वे बच्ची की देखभाल कर रहे हैं, लेकिन वास्तव में उसके साथ बुरा व्यवहार किया गया। मात्र चार साल की होने और उचित व्यवहार की पूरी जानकारी न होने के कारण वह घर पर मासूम गलतियां करती थी। ऐसी ही एक घटना से उसके मौसा आग बबूला हो गए और उन्होंने उस पर जानलेवा हमला कर दिया।’

अपर्णा और प्रथमेश पर अपहरण का आरोप
रायगढ़ के पड़ोसी ठाणे जिले के कल्याण निवासी बच्ची की रिश्तेदार ज्योति सतपुते ने पिछले साल कोलसेवाड़ी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि अपर्णा और प्रथमेश ने उसकी भतीजी का अपहरण कर लिया है। अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने शुरुआत में 6 अक्तूबर, 2024 को अपहरण का मामला दर्ज किया और सभी संभावित पहलुओं से मामले की जांच की।

पुलिस की टीम ने जाल बिछाया और हिरासत में लिया
दंपति के खिलाफ मिली जानकारी और चिंचवली स्थित उनके घर आने की सूचना के आधार पर पुलिस की एक टीम ने जाल बिछाया और सोमवार को उन्हें हिरासत में ले लिया। जेंडे ने बताया, ‘पूछताछ के दौरान दंपति ने हत्या की बात कबूल कर ली। उन्होंने बताया कि पिटाई से लड़की की मौत के बाद उन्होंने शव को एक बोरे में रखा, उसे गद्दे में लपेटा और रात में चिंचवड़ी शिवरा के एक सुनसान इलाके में फेंक दिया।’

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केवल पीड़िता की खोपड़ी ही बरामद कर पाई
अधिकारी ने बताया कि पुलिस केवल पीड़िता की खोपड़ी ही बरामद कर पाई है, जिसे फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने कहा, ‘अदालत के आदेश के बाद दंपति को पुलिस हिरासत में रखा गया है और बाकी सबूतों को इकट्ठा करने के लिए आगे की जांच जारी है।’


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