राजस्थान के शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने सोमवार को कोटा में आयोजित एक प्रेस वार्ता में प्रदेश की शिक्षा प्रणाली से जुड़ी कई अहम घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में समानता, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण सुधार की दिशा में ठोस कदम उठा रही है, ताकि सरकारी और निजी स्कूलों के बीच की खाई को कम किया जा सके।
दिलावर ने कहा कि अब प्रदेश के सभी स्कूलों में शिक्षक और कर्मचारी पहचान-पत्र (आईडी कार्ड) पहनने के लिए बाध्य होंगे। यह निर्णय स्कूलों में सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि राजस्थान में अब प्रत्येक वर्ष स्कूलों का नया शैक्षणिक सत्र 1 अप्रैल से शुरू होगा। उनका कहना था कि इससे शैक्षणिक कैलेंडर व्यवस्थित रहेगा और छात्रों को पढ़ाई के लिए अधिक समय उपलब्ध हो सकेगा।
राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत होंगे अनिवार्य, तभी दर्ज होगी उपस्थिति
मदन दिलावर ने कार्यालयों और स्कूलों में राष्ट्रभक्ति और अनुशासन को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि स्कूल शिक्षा, संस्कृत शिक्षा और पंचायती राज विभाग के सभी कार्यालयों में कार्य प्रारंभ राष्ट्रगान से और कार्य समाप्ति राष्ट्रगीत से किया जाएगा। मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि केवल राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत में उपस्थित रहने वाले कर्मचारियों की ही उपस्थिति दर्ज की जाएगी।
चरणबद्ध तरीके से लागू होंगे सुधार
मंत्री दिलावर ने कहा कि इन सभी सुधारों को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा, ताकि प्रणालीगत परिवर्तन स्थायी और प्रभावी हों। उन्होंने विश्वास जताया कि ये सभी निर्णय छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों के हित में होंगे और प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा देंगे।







