पुलिस ने डकैती की घटना को अंजाम देने वाले 9 आरोपियों को किया गिरफ्तार।

Spread the love

अयोध्या। कोतवाली अयोध्या पुलिस व स्वाट टीम ने तकपुरा दर्शननगर में 14 दिसम्बर को हुई डकैती की घटना को अंजाम देने वाले 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी एक बार फिर से कहीं डकैती डालने की योजना बना रहे थे। इतने में पुलिस ने उन्हें धर दबोचा। आरोपियों के कब्जे से 5 तमंचा, 360,000 रुपये बरामद हुए है। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने 31 लाख 30 हजार रुपये की डकैती डाली थी। सारा पैसा आपस में बांट लिया था। पूरे घटना की रेकी रिश्तेदार मौसा ने ही कराई थी। शनिवार-रविवार की रात दो बजकर 25 मिनट पर बूथ नंबर चार स्थित यादव ढाबा के पास कुछ लोग बैठे हुए थे।
पुलिस लाइन सभागार में आयोजित प्रेसवार्ता में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक र्शैलेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली की ये आरोपी डाका डालने की साजिश रच रहे हैं। मौके पर पुलिस पहुंची तो आरोपी इधर-उधर भागने लगे। इस दौरान पुलिस ने मुश्तैदी दिखाते हुए सभी 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की पहचान मो. गनी, नबी हसन, राहत अली, मो. शफी (बेटा-बाप), शेर अली निवासी अब्दुल्लापुर लेदा थाना ठाकुर द्वारा जनपद मुरादाबाद, मुनाजीर हुसैन निवासी कमलीपुर खालसा थाना ठाकुर द्वारा जनपद मुरादाबाद, अकबर निवासी मुस्तापुर खण्डसाल थाना छजलैट जनपद मुरादाबाद, मो. रफी निवासी कमालीपुरी खालसा थाना ठाकुर द्वारा जनपद मुरादाबाद व सालीकराम वर्मा निवासी कनकरपुर थाना पैकोलिया जनपद बस्ती के रूप में हुई।आरोपियों ने बताया कि दर्शननगर स्थित ग्राम तकपुस में 18 दिसंबर को शिवशंकर वर्मा के घर आरोपियों ने डकैती डाली थी। आरोपियों ने बताया कि शिवशंकर वर्मा की भतीजी अनामिका उर्फ निशा की शादी उसके मौसा सालिकराम वर्मा तय करा रहे थे। पैसे की व्यवस्था नहीं हो पा रही थी। इस दौरान उन्हें सुझाव दिया गया कि खेत बेच दिया जाए। खेत बेच कर काफी पैसा इकट्ठा किया गया था, जिसे घर में ही रखा गया था। इतना पैसा रखा होने की बात पर सालिकराम का माथा ठनका और उसने पैसे हड़पने की योजना बनाई।सालिकराम सऊदी अरब में रहता था। उसके साथ मुरादाबाद का मो. नमी व राहत भी रहता था। इसके बाद गनी राहत व उसके पिता मो. सफी ने अन्य बदमाशों के इकट्ठा किया। इसके बाद मो. गनी, नबी हसन व अन्य आरोपी सालिकराम से मिले और पीड़ित के घर जाकर रेकी की और वारदात को अंजाम दिया। घटना के दिन यहां से जाने के बाद राहत व मो. रुफी मुरादाबाद मे रुक गये और सालिकराम लखनऊ के अस्पताल में पहुंच गया। घटना में 31 लाख 30 हजार रुपये लूटा जाना बताया गया जिसका इन लोगों ने आपस बंटवारा किया था। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में कोतवाली अयोध्या के प्रभारी निरीक्षक देवेन्द्र पाण्डेय, स्वाट टीम प्रभारी रतन कुमार शर्मा, उ.नि. धमेन्द्र कुमार मिश्रा, उ.नि. जनार्दन सिंह, हे. का. शेषनाथ सिंह व का. आनन्द पाण्डेय, प्रशान्त अवस्थी, सुभाष विश्वकर्मा, अजय सिंह, विनय राय, अजीत, शिवम यादव, सौरभ सिंह, चन्द्रभान, मुकेश, अंकित राय, लल्लु यादव, प्रियेश तिवारी शामिल थे।

और पढ़े  Timing Change:कक्षा एक से 8 तक के सभी स्कूलों का समय बदला, सुबह 7:30 से दोपहर 12 बजे तक चलेंगी कक्षाएं

Spread the love
  • Related Posts

    जन आक्रोश पदयात्रा- महिला अधिकारों के लिए सड़क पर उतरे CM योगी, बोले- विपक्ष का महिला विरोधी चेहरा उजागर

    Spread the love

    Spread the loveनारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक को लोकसभा में विपक्ष द्वारा पारित नहीं होने देने के विरोध में मंगलवार को राजधानी लखनऊ ऐतिहासिक जनाक्रोश का साक्षी बना, जब महिला…


    Spread the love

    सौरभ हत्याकांड: कोर्ट में बोली मुस्कान- न मैंने नीला ड्रम खरीदा और न बेहोश करने वाली दवा

    Spread the love

    Spread the loveब्रह्मपुरी के बहुचर्चित सौरभ हत्याकांड में मंगलवार को 13 महीने बाद हत्यारोपी मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला की कोर्ट में पेशी हुई। कोर्ट में पूछ गए सवालों के…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *