लखनऊ – यूपी चुनाव: यह नई सपा है यहां एम का मतलब महिला और वाई का मतलब युवा है, ‘एम वाई’ समीकरण पर बोले अखिलेश

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सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि हम नवनिर्माण, किसान और रोजगार के मुद्दे पर चुनाव लड़ेंगे। लोग विकास के लिए सपा की तरफ देख रहे हैं।
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश के नवनिर्माण, किसानों के हित और रोजगार के मुद्दे पर चुनाव लड़ेंगे। भाजपा के शासन से आजिज आई जनता इस बार सपा की ओर देख रही है। वह एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में बोल रहे थे।
एमवाई (मुस्लिम -यादव) समीकरण के खिसकने के सवाल पर पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि एम का मतलब महिला और वाई का मतलब युवा है। इन दोनों को साथ लेकर चुनाव लड़ेंगे। यह नई सपा है। नया रास्ता अपनाया जा रहा है।
सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव के विचारों के साथ नए समीकरणों को साधते हुए पार्टी सरकार बनाएगी। परिवारवाद के आरोपों का खंडन करते हुए उन्होंने कहा कि सपा में हमेशा संघर्ष करने वालों को जगह मिली है। चाचा और उनकी पार्टी अलग-अलग है। शिवपाल सिंह यादव का रिश्ते के लिहाज से पूरा सम्मान है। समान विचारधारा वाली पार्टियों के साथ गठबंधन हो रहा है। अन्य बड़ी पार्टियों से गठबंधन नहीं होगा क्योंकि बड़ी पार्टी से गठबंधन का अनुभव ठीक नहीं रहा है। उन्होंने कहा कि परिवारवाद तो भाजपा में है। वहां जिन लोगों ने काम करते हुए पूरा जीवन बिता दिया, उनके बजाय किसी और को मुख्यमंत्री बनाया जाता है।
विकास के मुद्दे पर उन्होंने भाजपा पर जमकर हमला बोला। कहा कि भाजपा के लोग झूठी वाहवाही लूट रहे हैं। सपा सरकार के कार्यकाल में बने मेडिकल कॉलेज ही लोगों की जान बचाने में काम आए हैं। भाजपा ने कोई काम नहीं किया है। अयोध्या में विकास के नाम पर सैकड़ों साल से रह रहे लोगों को घर गिरा दिए गए।
विदेश नीति पर उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो सपा केंद्र सरकार को राय देगी। किसानों के मुद्दे पर पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि सपा कभी भी किसानों की अनदेखी नहीं होने देती है। किसानों ने ही देश की अर्थव्यस्था संभाली है लेकिन भाजपा ने किसानों के लिए अपशब्दों का प्रयोग किया। उन्हें आतंकवादी तक बता दिया। समय आने पर किसान इसका बदला लेंगे।

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