वक्फ बोर्ड संसोधन बिल लोकसभा में पेश, TDP-JDU सरकार के साथ तो विपक्ष खिलाफ
संसद के मानसून सत्र के दौरान आज भी जोरदार हंगामे के आसार है। वक्फ बोर्ड को मिली असीमित शक्तियों पर अंकुश लगाने और बेहतर प्रबंधन व पारदर्शिता के लिए सरकार ने लोकसभा में गुरुवार को विधेयक पेश किया। वहीं, विनेश मामले को लेकर भी विपक्ष सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश कर रही है।
सच्चर समिति की रिपोर्ट पर विधेयक आधारित: रिजिजू
किरेन रिजिजू ने कहा, ‘आज जो विधेयक लाया जा रहा है वह सच्चर समिति की रिपोर्ट (जिसमें सुधार की बात कही गई थी) पर आधारित है, जिसे आपने (कांग्रेस ने) बनाया था।’
किरेन रिजिजू ने वक्फ संशोधन विधेयक पर कहा कि इस विधेयक से संविधान का उल्लंघन नहीं हो रहा है। जिन्हें हक नहीं मिला उन्हें हक देने के लिए यह कदम उठाया जा रहा है। किसी धर्म में दखल नहीं दिया जा रहा है। विपक्ष की सारी आशंकाएं दूर की जाएंगी। इस विधेयक का समर्थन करिए करोड़ों लोगों की दुआएं मिलेंगी।
विधेयक भेदभावपूर्ण और मनमाना दोनों: ओवैसी
वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 पर एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने कहा, ‘यह विधेयक संविधान के अनुच्छेद 14, 15 और 25 के सिद्धांतों का उल्लंघन करता है। यह विधेयक भेदभावपूर्ण और मनमाना दोनों है। इस विधेयक को लाकर, आप (केंद्र सरकार) राष्ट्र को एकजुट करने का नहीं बल्कि विभाजित करने का काम कर रहे हैं। यह विधेयक इस बात का प्रमाण है कि आप मुसलमानों के दुश्मन हैं।’








