महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना प्रमुख राज ठाकरे ने महाराष्ट्र में चल रही एसआईआर (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) को लेकर बड़ा सवाल उठाया है। मुंबई में रविवार को गर्जना मार्च के मौके पर जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने मांग की है कि महाराष्ट्र में कराई जा रही पूरी एसआईआर प्रक्रिया को रद्द किया जाए। राज ठाकरे का कहना है कि कानून के मुताबिक एसआईआर तभी कराया जाता है, जब किसी तरह की आपात स्थिति पैदा हो। उन्होंने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव के दौरान 40 से 60 लाख वोटर जोड़े गए और इसी के जरिए सत्ता पर कब्जा किया गया। अब एसआईआर के जरिए करीब दो करोड़ लोगों के नाम हटाए जा रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि आखिर ये दो करोड़ वोटर कौन हैं?
एमएनएस प्रमुख ने विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए दावा किया कि उस दौरान 40 से 60 लाख वोटर जोड़े गए थे और इसी के दम पर सत्ता हासिल की गई। अब उनका आरोप है कि एसआईआर के जरिए करीब दो करोड़ लोगों को वोटर लिस्ट से बाहर किया जा रहा है। राज ठाकरे ने सवाल उठाया कि आखिर जिन दो करोड़ वोटरों को हटाया जा रहा है, वे कौन लोग हैं और उनके नाम क्यों हटाए जा रहे हैं?
राज ठाकरे ने महाराष्ट्र के सभी राजनीतिक दलों से एकजुट होकर दिल्ली जाने और एसआईआर को रद्द करने की मांग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा केवल किसी एक राजनीतिक पार्टी का नहीं है, इसलिए सभी दलों को मिलकर इसका विरोध करना चाहिए।
राज ठाकरे ने चुनाव में इस्तेमाल होने वाली वोटिंग मशीनों को बंद करने की मांग भी दोहराई। उन्होंने कहा कि अब चुनाव वोटिंग मशीनों के बजाय बैलेट पेपर से कराए जाने चाहिए। उनका कहना है कि चुनाव प्रक्रिया में लोगों का भरोसा बनाए रखने के लिए बैलेट पेपर से चुनाव कराना जरूरी है।







