सुप्रीम कोर्ट: घुसपैठियों के लिए भी चाहते हैं रेड कार्पेट, रोहिंग्याओं को लेकर दायर याचिका पर SC की दो टूक

 

 

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार को नोटिस जारी करने से इनकार कर दिया। दरअसल, याचिका में कुछ रोहिंग्या शरणार्थियों के लापता होने को लेकर चिंता जाहिर की गई थी और इस मामले में केंद्र को निर्देश देने की अपील की गई। हालांकि, सर्वोच्च न्यायालय ने मामले में सुनवाई को टाल दिया।

सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में तीखी टिप्पणी करते हुए याचिकाकर्ताओं से कहा, “आप जानते हैं वे घुसपैठिए हैं। भारत के उत्तरी बॉर्डर बहुत संवेदनशील हैं। आप जानते हैं कि देश में क्या हो रहा है। अगर कोई यहां गैरकानूनी ढंग से आया है, तब भी आप उनके लिए रेड कार्पेट चाहते हैं। वे सुरंगों के जरिए घुसते हैं और फिर आपके खाने, निवास के अधिकारी, बच्चों की शिक्षा, आदि के अधिकारी, हो जाते हैं। क्या हम कानून का दायरा इस तरह खींचना चाहते हैं? ऐसे मामलों में बंदी प्रत्यक्षीकरण (हीबस कॉर्पस) जैसी मांगें करना काफी काल्पनिक बात है।”

और पढ़े  दिल्ली- ब्रिक्स सम्मेलन ने लौटाया 80 के दशक वाला कनॉट प्लेस, अतिक्रमण हटते ही बदली बाजार की तस्वीर
  • Related Posts

    गुरुग्राम हिट एंड रन केस: आरोपी कल्याण बैंसला को दो दिन की पुलिस रिमांड, राइडर सिया को मारी थी टक्कर

    गुरुग्राम हिट-एंड-रन मामले में आरोपी कल्याण बैंसला के वकील ललित बिंदल ने जानकारी दी है। अदालत ने पुलिस की रिमांड अर्जी स्वीकार करते हुए उन्हें दो दिन की पुलिस हिरासत…

    CJP प्रदर्शन पर SC: नहीं बदलेगी पुलिस ज्यादती की जांच कर रही कमेटी, जानें कोर्ट ने क्या कहा?

    भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची तथा न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने दिल्ली में छात्र प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कथित पुलिस ज्यादती की जांच के लिए गठित पांच…