रूस-यूक्रेन युद्ध: यूक्रेन ने तोड़ा सीजफायर, रूस पर दागे सैकड़ों ड्रोन, विक्ट्री-डे से पहले बढ़ाई गई सुरक्षा

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रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध एक बार फिर तेज होता दिख रहा है। रूस ने दावा किया है कि उसने गुरुवार रात यूक्रेन की ओर से दागे गए 347 ड्रोन मार गिराए। मॉस्को के मुताबिक, यह हमला 20 से ज्यादा रूसी क्षेत्रों को निशाना बनाकर किया गया था। इसे युद्ध शुरू होने के बाद यूक्रेन के सबसे बड़े ड्रोन हमलों में से एक माना जा रहा है। इससे पहले मार्च में यूक्रेन ने 389 ड्रोन लॉन्च किए थे।

 

रूसी रक्षा मंत्रालय ने क्या बताया?

रूस के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि मॉस्को समेत कई इलाकों में एयर डिफेंस सिस्टम को सक्रिय करना पड़ा। गुरुवार दिन में भी यूक्रेन की ओर से कई और ड्रोन भेजे गए, जिनमें कुछ मॉस्को की तरफ बढ़ रहे थे। इस हमले का असर राजधानी के हवाई यातायात पर भी पड़ा। मॉस्को के तीन बड़े एयरपोर्टरेमेत्येवो, डोमोडेडोवो और वनुकोवो  से करीब 100 उड़ानें रद्द या देर से संचालित हुईं।

विक्ट्री डे और एकतरफा युद्धविराम

यह तनाव ऐसे समय बढ़ा है जब रूस 9 मई को मनाए जाने वाले अपने सबसे अहम राष्ट्रीय आयोजन विक्ट्री डे की तैयारी कर रहा है। यह दिन दूसरे विश्व युद्ध में नाजी जर्मनी पर सोवियत जीत की याद में मनाया जाता है। रूस ने शुक्रवार और शनिवार के लिए एकतरफा युद्धविराम की घोषणा की थी।

इसके जवाब में यूक्रेन ने भी मंगलवार आधी रात से हमले रोकने की बात कही थी, लेकिन यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने आरोप लगाया कि रूस ने इस पहल को नजरअंदाज करते हुए नए हमले जारी रखे।

जेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन पूरी तरह शांति बनाए रखने के लिए तैयार था, लेकिन रूस लगातार ड्रोन, मिसाइल, तोपखाने और ग्लाइड बमों से हमले कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि रूस सिर्फ विक्ट्री डे परेड को सुरक्षित तरीके से आयोजित करना चाहता है, जबकि बाकी समय यूक्रेन पर हमले जारी रखे जा रहे हैं।

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यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर खारकीव में रूसी ड्रोन हमले में तीन बच्चों समेत नौ लोग घायल हो गए। यूक्रेन का दावा है कि उसने रातभर में रूस द्वारा दागे गए 102 ड्रोन में से 92 को मार गिराया।

 

विक्ट्री डे को लेकर रूस में सुरक्षा कड़ी

विक्ट्री डे समारोह से पहले रूस में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। रूसी मीडिया के मुताबिक, 9 मई को मॉस्को में मोबाइल इंटरनेट और मैसेजिंग सेवाएं भी बंद रहेंगी। इस बार परेड में टैंक, मिसाइल और भारी सैन्य उपकरण भी नहीं दिखेंगे। करीब दो दशक में यह पहली बार होगा जब रूस की विक्ट्री डे परेड इतनी सीमित सैन्य मौजूदगी के साथ आयोजित होगी। रूसी रक्षा मंत्रालय ने इसकी वजह मौजूदा सुरक्षा स्थिति बताई है।

क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि जटिल ऑपरेशनल स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त सुरक्षा उपाय किए जा रहे हैं। वहीं रूस ने यूक्रेन को चेतावनी दी है कि अगर विक्ट्री डे समारोह में कोई बाधा डालने की कोशिश हुई तो कीव पर बड़े स्तर का जवाबी हमला किया जा सकता है।

रूस के राष्ट्रपति सलाहकार यूरी उशाकोव ने कहा कि जवाबी कार्रवाई की संभावना को लेकर विशेष तैयारी की जा रही है। रूस के विदेश मंत्रालय ने कीव में मौजूद विदेशी दूतावासों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों को भी एहतियातन अपने कार्यालय खाली करने की सलाह दी है।

इस बीच, अमेरिका की अगुवाई में चल रही शांति कोशिशों में अभी तक कोई ठोस प्रगति नहीं दिख रही है। यूक्रेन की राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा परिषद के प्रमुख रुस्तम उमेरोव अमेरिका पहुंचे हैं, जहां उनकी ट्रंप प्रशासन के अधिकारियों से मुलाकात होने वाली है।

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