ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत केंद्र सरकार के कई वरिष्ठ मंत्रियों ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रोफाइल तस्वीर बदलकर भारतीय सेना को श्रद्धांजलि दी। प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर ऑपरेशन सिंदूर से जुड़ी विशेष तस्वीर लगाकर इस सैन्य अभियान में शामिल जवानों के साहस और बलिदान को सम्मान दिया। प्रधानमंत्री के इस कदम के बाद विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्त मंत्री निर्माला सीतारमण और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल समेत कई नेताओं ने भी अपनी प्रोफाइल तस्वीर बदलकर ऑपरेशन सिंदूर को श्रद्धांजलि दी।
भारत आज यानी 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ मना रहा है। पिछले साल भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) और पाकिस्तान में मौजूद आतंकवादी ठिकानों पर सटीक कार्रवाई करते हुए इस सैन्य अभियान को अंजाम दिया था। यह कार्रवाई 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई थी, जिसमें पाकिस्तान समर्थित आतंकियों ने 26 निर्दोष लोगों की हत्या कर दी थी। इस हमले की जिम्मेदारी लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट ने ली थी।
भारतीय सेना ने वर्षगांठ पर सोल मीडिया पोस्ट में कहा कि भारत की प्रतिक्रिया सटीक, संतुलित और निर्णायक थी। देश की संप्रभुता और नागरिकों की सुरक्षा के लिए हम पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। न्याय किया गया। जय हिंद। वहीं, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ मुख्यालय ने ऑपरेशन सिंदूर को राष्ट्रीय संकल्प का प्रतीक बताया।
भारतीय सेना ने जारी किया विशेष वीडियो
सेना ने इस मौके पर एक विशेष वीडियो भी जारी किया, जिसमें ऑपरेशन की तैयारी, रणनीति और आतंकी ठिकानों पर किए गए सटीक हमलों को दिखाया गया। वीडियो में प्रधानमंत्री मोदी का वह सख्त संदेश भी शामिल था, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत हर आतंकी और उसके समर्थकों की पहचान करेगा, उन्हें खोजेगा और सजा देगा।
वीडियो में प्रधानमंत्री का एक और संदेश भी दिखाया गया, जिसमें उन्होंने कहा था कि आतंक और बातचीत साथ-साथ नहीं चल सकते। आतंक और व्यापार एक साथ नहीं हो सकते। पानी और खून एक साथ नहीं बह सकते। इसे पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद पर भारत के कड़े रुख के तौर पर देखा गया।
ऑपरेशन सिंदूर के आज पूरे हुए एक साल
22 अप्रैल 2025 को हुए पहलगाम आतंकी हमले में आतंकियों ने धर्म पूछकर लोगों को निशाना बनाया था। हमलावरों ने गैर-मुस्लिमों की पहचान करने के लिए उन्हें कलमा पढ़ने को मजबूर किया था। इस हमले में 25 पर्यटकों और एक स्थानीय पोनी ऑपरेटर की मौत हुई थी, जिसने पर्यटकों को बचाने की कोशिश की थी। कई नवविवाहित जोड़े भी हमले का शिकार बने थे।
हमले के जवाब में भारतीय सेना ने 6-7 मई 2025 की रात ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया। अधिकारियों के मुताबिक यह कार्रवाई सीमित, संतुलित और गैर-उत्तेजक सैन्य अभियान था, जिसका लक्ष्य पाकिस्तान और PoK में मौजूद बड़े आतंकी ठिकानों को नष्ट करना था।
ऑपरेशन सिंदूर को भारत की सैन्य और रणनीतिक क्षमता का बड़ा प्रदर्शन माना गया। इस अभियान ने न केवल आतंकवादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाया, बल्कि भारत की आतंकवाद के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति और रणनीतिक संयम को भी दुनिया के सामने मजबूती से पेश किया।







