श्रीगंगानगर जिले के विधायक जयदीप बिहाणी के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। विधायक ने राजस्थान शहरी विकास निवेश कार्यक्रम के अधिकारियों पर हमला करने, कपड़े फाड़ने और चश्मा तोड़ने का आरोप लगाया है। घटना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
क्या है मामला?
विधायक जयदीप बिहाणी के अनुसार, हमले में उनके चेहरे पर चोट आई और उनका चश्मा टूट गया। उन्होंने बताया कि शहर में पानी सप्लाई की गंभीर समस्या को लेकर यह विवाद हुआ। पुरानी आबादी और करणपुर रोड क्षेत्र में पिछले सात दिनों से पानी नहीं पहुंच रहा है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विधायक ने आरोप लगाया कि एक प्राइवेट कंपनी की लापरवाही के कारण हालात बिगड़े हैं। उन्होंने कहा कि समस्या के समाधान के लिए विधायक सेवा केंद्र में बैठक बुलाई गई थी, लेकिन संबंधित अधिकारी तय समय पर नहीं पहुंचे। बाद में राजस्थान शहरी विकास निवेश कार्यक्रम के एईएन जगन्नाथ बैरवा और प्राइवेट कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर शाहनवाज हसन वहां पहुंचे।
क्या कहा विधायक ने?
बिहाणी का कहना है कि बातचीत के दौरान जैसे ही उन्होंने अधिकारियों से जनता की समस्या पर सवाल किया, एईएन जगन्नाथ बैरवा ने उन पर हमला कर दिया। इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी, जिस पर पुलिस ने दोनों अधिकारियों को पकड़ लिया। विधायक ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात कही है और मामले की शिकायत विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से करने की भी बात कही है। विधायक ने यह भी आरोप लगाया कि 550 करोड़ रुपये की जल योजना की समय सीमा समाप्त होने के बावजूद काम अधूरा है। उन्होंने अधिकारियों पर भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
वहीं, दूसरी ओर सूत्रों के अनुसार, जब अधिकारी विधायक सेवा केंद्र पहुंचे, तो विवाद बढ़ गया। आरोप है कि इस दौरान विधायक और अधिकारियों के बीच कहासुनी हुई, जो मारपीट में बदल गई। इस दौरान एक अधिकारी की शर्ट फट गई। यह भी आरोप है कि मौके पर मौजूद कर्मचारियों के मोबाइल फोन भी कुछ समय के लिए जब्त कर लिए गए।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और दोनों पक्षों के आरोपों की पड़ताल की जा रही है।








