अगर आप बाहर खाने के शौकीन या बाजार से खाने-पीने का सामान खरीदतें है तो सावधान हो जाइए। न्याय निर्णयन अधिकारी और अपर जिलाधिकारी विवेक राय ने बृहस्पतिवार को लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने वाले दुकानदारों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कार्रवाई की है। इसमें 20 प्रतिष्ठानों और शेरवुड कॉलेज पर जुर्माना लगाया गया है।
एडीएम विवेक राय ने बताया कि पिछले वर्षों में हल्द्वानी, तल्लीताल, भीमताल और लालकुआं सहित विभिन्न स्थानों के प्रतिष्ठानों और स्कूल की मेस से सैंपल लिए गए थे। सबसे अधिक 1,25,000 रुपये का जुर्माना हरीश चंद्र जायसवाल पर लगाया गया जो बिना लाइसेंस और अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य निर्माण कर रहे थे। केतन गुप्ता के नानक स्वीट्स एवं रेस्टोरेंट पर अधोमानक खोया बेचने पर 1,00,000 रुपये और वी मार्ट रिटेल लिमिटेड पर मिथ्याछाप सूचना देने के लिए 1,00,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। सबसे कम 20,000 रुपये का जुर्माना राजेंद्र प्रसाद पर लगाया गया है।
एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री का कर रहे थे प्रयोग
खाद्य सुरक्षा अधिनियम के उल्लंघनों में बिना लाइसेंस के खाद्य कारोबार करना, निर्माण स्थल पर गंदगी, अधोमानक खोया, हल्दी पाउडर और धनिया पाउडर का विक्रय शामिल था। कुछ प्रतिष्ठानों ने एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री का भी प्रयोग किया है।
इन प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई
जायसवाल स्वीट्स हाउस, नानक स्वीट्स एवं रेस्टोरेंट, ब्राउनीज द बेक शॉप एंड कैफे, भाटिया होटल्स प्राइवेट लिमिटेड और शेरवुड कॉलेज में कैच कंपनी का अधोमानक धनिया का प्रयोग होने पर 30 हजार का जुर्माना लगाया है। राजस्थान की जसोरिया फूड एवं स्पाइसेस और हरियाणा की बॉन न्यूट्रिएंट्स प्राइवेट लिमिटेड जैसी बाहरी कंपनियों पर भी अधोमानक उत्पादों के लिए जुर्माना लगाया गया। मेरठ की पंचवटी प्रयोगशाला प्राइवेट लिमिटेड पर मिथ्याछाप खाद्य पदार्थ के निर्माण और विक्रय के लिए 75,000 रुपये का अर्थदंड लगाया है।






