आज संसद के मानसून सत्र का नौवां दिन है। विपक्ष के हंगामे के बीच लोकसभा की कार्यवाही दो बार स्थगित कर दी गई। दोपहर तीन बजे तक के लिए निचले सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई। कुछ देर बाद कार्यवाही फिर शुरू हुई। वंदेमातरम् बिल यहां से भी पास कर दिया गया। इसके बाद लोकसभा कल तक के लिए स्थगित कर दी गई। वहीं, राज्यसभा में लोक परीक्षा संशोधन विधेयक पर चर्चा जारी है। खरगे के मनुस्मृति वाले बयान पर खूब हंगामा भी हुआ।
लोकसभा की कार्यवाही फिर से शुरू
लोकसभा की कार्यवाही फिर से शुरू हो गई। इस समय राष्ट्रीय गौरव सम्मान संशोंधन विधेयक पर चर्चा हो रही है। इस दौरान सदन में सांसद संबित पात्रा बोल रहे हैं। इस दौरान उन्होंने कहा कि कांग्रेस पर निशाना साधा। हालांकि विपक्ष लगातार नारेबाजी कर रहा है। लोकसभा में इस प्रस्ताव को ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। विधेयक पारित होने के बाद लोकसभा की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित कर दी गई।
सुधांशु त्रिवेदी और कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी में नोकझोंक
सुधांशु त्रिवेदी ने बोलना शुरू किया तो उन्होंने पूर्व कलकत्ता हाईकोर्ट के न्यायाधीश विलियम जोन्स और डॉ. भीमराव आंबेडकर की पुस्तक का हवाला देते हुए मूल ग्रंथ के प्रमाणीकरण की आवश्यकता बताई। इस दौरान कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने एक पुस्तक दिखाते हुए कहा कि यह मौजूदा सरकार के कार्यकाल में प्रकाशित हुई है, बाजार में उपलब्ध है और इस पर कोई प्रतिबंध नहीं है। उन्होंने तर्क दिया कि यदि सत्ता पक्ष इसी पुस्तक का हवाला दे रहा है तो इसकी जिम्मेदारी भी उसी की बनती है, क्योंकि वह पिछले 12 वर्षों से सत्ता में है। इस पर जेपी नड्डा ने फिर मूल और ब्रिटिश काल से पहले के संस्करण को पेश करने की मांग की और कहा कि ऐसे बयान समाज में अशांति फैलाते हैं। बाद में सभापति ने खरगे की मनुस्मृति संबंधी टिप्पणी को सदन की कार्यवाही से हटाने का निर्देश दिया।





