डिजिटल क्रांति के इस दौर में यह राय भी बनती जा रही है कि सोशल मीडिया लोकतंत्र के लिए खतरा बनता जा रहा है। प्यू के ताजा सर्वे के मुताबिक, दुनियाभर के 35% लोग मानते हैं कि सोशल मीडिया ने लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाया है। वहीं, 55% लोग मानते हैं कि यह लोगों को जागरूक बनाने के साथ राजनीति में अपनी बात रखने का मंच देता है। यह सर्वे 37 देशों में किया गया।
नतीजे बताते हैं कि अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और नीदरलैंड जैसे उच्च आय वाले देशों में आधे से अधिक लोगों का स्पष्ट मानना है कि सोशल मीडिया लोकतंत्र को नुकसान पहुंचा रहा है। अमेरिका में तो 64% वयस्क इसे लोकतंत्र के लिए खतरनाक मानते हैं।
भारतीयों की नजर में सोशल मीडिया/इंटरनेट का नफा और नुकसान
- ताजा घटनाओं की जानकारी मिलती है- 66%
- राजनीति में आवाज बुलंद करने का साधन-55%
- लोगों को गुमराह करना आसान होता है- 62%
- राजनीतिक विचारों के आधार पर विभाजन- 51%
| देश | बुरा | अच्छा |
|---|---|---|
| भारत | 23% | 66% |
| पाकिस्तान | 33% | 62% |
| बांग्लादेश | 28% | 67% |
| श्रीलंका | 35% | 54% |
| जापान | 43% | 48% |
अमीर देशों को सता रहा ज्यादा डर
| देश | बुरा | अच्छा |
|---|---|---|
| कनाडा | 55% | 40% |
| अमेरिका | 64% | 34% |
| यूके | 56% | 41% |
| जर्मनी | 61% | 37% |
| फ्रांस | 65% | 31% |





