यूपी के झांसी के टोड़ी फतेहपुर के किशोरपुरा गांव में मिली युवती की सिर कटी लाश के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। बुधवार को एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने बताया कि युवती की हत्या प्रेम प्रसंग के चलते उसके प्रेमी एवं महेबा (टोड़ी फतेहपुर) के पूर्व ग्राम प्रधान संजय पटेल ने अपने भतीजे संदीप पटेल और गरौठा निवासी अपने दोस्त प्रदीप उर्फ दीपक अहिरवार की मदद से की थी।
पुलिस ने प्रेमी और उसके भतीजे को किया गिरफ्तार
दो बोरियों में मिला था युवती का टुकड़ों में शव
रचना का फोन भी आ रहा था स्विच ऑफ
रात में शव के टुकड़े कर कुएं में फेंके
रचना के भाई से कुबूल की थी हत्या की बात
रचना के भाई प्रदीप का कहना है कि रचना के बारे में कुछ पता न चलने पर उसने संजय को फोन किया था। संजय पहले कहता रहा कि रचना बीमार है। वह बात करा देगा। जिद करने पर संजय ने गुस्से में आकर बताया कि उसने रचना को मार डाला। उसकी बातों पर उसके भाई को यकीन नहीं हुआ था।
रचना के भाई प्रदीप का कहना है कि रचना के बारे में कुछ पता न चलने पर उसने संजय को फोन किया था। संजय पहले कहता रहा कि रचना बीमार है। वह बात करा देगा। जिद करने पर संजय ने गुस्से में आकर बताया कि उसने रचना को मार डाला। उसकी बातों पर उसके भाई को यकीन नहीं हुआ था।
पहले दो शादी कर चुकी थी रचना
टीकमगढ़ (मध्य प्रदेश) के चंदेरा थाना क्षेत्र के मैलवारा गांव निवासी रचना यादव की पहली शादी टीकमगढ़ में हुई थी। पुलिस को छानबीन में मालूम चला कि पहले पति से रचना के दो बच्चे हैं। पांच साल बाद पति से झगड़ा होने पर वह मायके चली गई।
टीकमगढ़ (मध्य प्रदेश) के चंदेरा थाना क्षेत्र के मैलवारा गांव निवासी रचना यादव की पहली शादी टीकमगढ़ में हुई थी। पुलिस को छानबीन में मालूम चला कि पहले पति से रचना के दो बच्चे हैं। पांच साल बाद पति से झगड़ा होने पर वह मायके चली गई।
वहां रहने के दौरान उसके संबंध महेबा गांव निवासी शिवराज यादव से हो गए। वह उसके साथ महेबा गांव आकर रहने लगी। कुछ समय बाद यहां भी उसका विवाद होने लगा। वर्ष 2023 में रचना ने शिवराज के बड़े भाई पर दुष्कर्म एवं हत्या की कोशिश के आरोप में एफआईआर दर्ज करा दी।
शिवराज का भी नाम शामिल करा दिया। इस मामले की पैरवी के लिए वह गरौठा कोर्ट जाती थी। यहां उसकी मुलाकात तत्कालीन ग्राम प्रधान संजय पटेल से हुई। जल्द दोनों के बीच नजदीकी संबंध बन गए। जून में शिवराज की मौत हो गई। संजय पर रचना शादी का दबाव बना रही थी जबकि संजय पहले से शादीशुदा है। परिवार में पत्नी समेत दो बेटे हैं।
डीआईजी ने दिया 50 हजार का इनाम
सात दिन में अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने वाली पुलिस टीम को डीआईजी केशव चौधरी ने 50 हजार रुपये नकद इनाम घोषित किया। वहीं, एसपी आरए डा. अरविंद कुमार ने भी 20 हजार रुपये नकद पुरस्कार पुलिस टीम को दिया।
सात दिन में अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने वाली पुलिस टीम को डीआईजी केशव चौधरी ने 50 हजार रुपये नकद इनाम घोषित किया। वहीं, एसपी आरए डा. अरविंद कुमार ने भी 20 हजार रुपये नकद पुरस्कार पुलिस टीम को दिया।
पुलिस टीम को एसएसपी ने अपने हाथों से 20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया। पुलिस टीम में स्वॉट प्रभारी जितेंद्र तक्खर, रजत सिंह, शैलेंद्र, हर्षित, सर्विलांस टीम से दुर्गेश कुमार, रजनीश एवं टोड़ी फतेहपुर थानाध्यक्ष अतुल राजपूत शामिल रहे।








