सोमवती अमावस्या और आगामी कांवड़ मेले से पहले अधिकारियों ने मनसा देवी मंदिर और पैदल मार्ग का निरीक्षण किया गया। डीएम मयूर दीक्षित, एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने मंदिर में मिली खामियों को दूर करने और अतिक्रमण हटाने के सख्त निर्देश दिए गए।
वहीं श्रीमहंत ने महिलाओं को स्पर्श करने वाले पुजारियों को मंदिर से बाहर करने की चेतावनी दी। पिछले वर्ष मनसा देवी पैदल मार्ग पर हुई भगदड़ की घटना को देखते हुए इस बार विशेष सतर्कता बरती जा रही है। डीएम और एसएसपी ने प्रशासनिक टीम के साथ मंदिर परिसर और पैदल मार्ग का निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर परिसर में अनावश्यक दुकानों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए।
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत ने भी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सोमवती अमावस्या स्नान पर्व और कांवड़ मेले में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए किसी भी तरह के अतिक्रमण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने सख्त चेतावनी दी कि कोई भी पुजारी किसी महिला या श्रद्धालु को आशीर्वाद देने के बहाने स्पर्श नहीं करेगा।
ऐसा करने पर पुजारी को मंदिर से बाहर कर दिया जाएगा। श्रीमहंत ने मंदिर में चढ़ाए जाने वाले नारियल को रिसाइकिल करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने ट्रस्टियों और व्यवस्थापकों के साथ मिलकर एक वृहद कार्ययोजना तैयार की। इसमें पूरे कांवड़ मेले के दौरान मंदिर में लंगर प्रसाद वितरण करने की भी योजना तय की गई है। निरीक्षण के दौरान ट्रस्टी अनिल शर्मा, सीमा गिरी और राजगिरी महाराज भी मौजूद रहे।








