दिल्ली की हवा ‘गंभीर’- दिल्ली सर्वाधिक प्रदूषित, AQI 400 पार..ग्रेप 3 भी हुआ लागू, पढ़ाई हाइब्रिड मोड में

Spread the love

राजधानी दिल्ली की वायु गुणवत्ता इस साल पहली बार ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच गई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, 24 घंटे का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) शुक्रवार को 428 दर्ज किया गया। यह स्तर स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक माना जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि ठंडी हवाओं की कमी और पराली जलाने की घटनाओं में बढ़ोतरी के कारण प्रदूषण तेजी से बढ़ा है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक बाहरी गतिविधियों से बचने और मास्क का उपयोग करने की अपील की है।

ग्रेप तीन लागू
मंगलवार को हवा गंभीर श्रेणी में पहुंचने के बाद ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) तीन लागू हो गया है। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) की उप-समिति ने प्रदूषित होती हवा को देखते हुए बैठक में पूरे दिल्ली-एनसीआर में तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लागू किया है। इसके तहत निर्माण व विध्वंस कार्यों पर रोक लगा दी है। वहीं, बीएस तीन पेट्रोल और बीएस चार माल वाहक वाहनों का प्रवेश बंद हो गया है। केवल जरूरी सामान लाने वाले वाहनों को इसमें छूट दी गई है। साथ ही, एनसीआर से आने वाली अंतरराज्य बसों को दिल्ली में नहीं आने दिया जाएगा। हालांकि, इलेक्ट्रिक व सीएनजी बसों और बीएस-6 डीजल बसों को इसमें छूट दी गई है।

सीएक्यूएम के अनुसार, दिल्ली का एक्यूआई 10 नवंबर को शाम 362 बेहद खराब श्रेणी में था, लेकिन मंगलवार सुबह 9 बजे तक यह 425 तक चढ़ गया। उप-समिति ने मौसम विभाग (आईएमडी) और भारतीय मौसम विज्ञान संस्थान (आईआईटीएम) के पूर्वानुमान का जायजा लिया, जिसमें अगले कुछ दिनों तक शांत हवाओं और स्थिर वायुमंडल की चेतावनी दी गई है।

और पढ़े  277 गणमान्य लोगों ने कांग्रेस विरोध को राष्ट्रविरोधी बताया, राहुल- बब्बर शेर कार्यकर्ताओं पर गर्व

 

पांचवीं तक के स्कूलों को हाइब्रिड मोड में संचालित करने की सलाह
आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह तेजी से बिगड़ता ट्रेंड चिंताजनक है। तीसरा चरण लागू करने से निर्माण और खनन गतिविधियों पर सख्त रोक लगेगी, जो प्रदूषण के प्रमुख स्रोत हैं। सभी एजेंसियां सतर्क रहेंगी और सख्त निगरानी रखेंगी। उधर, ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट वाली बसों, टेम्पो ट्रैवलर को भी छूट दी गई है। इसमें दिव्यांगों को बीएस-तीन पेट्रोल व बीएस-चार डीजल एलएमवी चलाने की अनुमति है। वहीं, कक्षा पांचवीं तक के स्कूलों को हाइब्रिड मोड में संचालित करने की सलाह दी है। सीएक्यूएम की उपसमिति के अनुसार, घने कोहरे, कम मिक्सिंग हाइट, परिवर्तनशील हवाओं और प्रतिकूल मौसम संबंधी स्थितियों के कारण इसमें वृद्धि का रुझान दिख रहा है। ऐसे में समिति ने वायु गुणवत्ता में और गिरावट को रोकने के प्रयास में एनसीआर में ग्रेप के चरण तीन को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है।

ग्रेप तीन के तहत इन कार्य पर रहेगी पाबंदी
-धूल पैदा करने वाली व वायु प्रदूषण फैलाने वाली निर्माण एवं विध्वंस गतिविधियों पर प्रतिबंध।
– स्टोन क्रशर का संचालन बंद।
-सभी खनन और उससे जुड़ी गतिविधियों पर रोक।
-एनसीआर राज्य सरकारें दिल्ली और गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद और गौतमबुद्ध नगर जिलों में बीएस तीन पेट्रोल और बीएस चार डीजल एलएमवी (चार पहिया वाहन) के चलने पर सख्त प्रतिबंध लगाएं।
-दिल्ली में पंजीकृत डीजल से चलने वाले मध्यम माल वाहनों (एमजीवी) के बीएस-4 या उससे नीचे के मानक वाले वाहनों पर प्रतिबंध।
-केवल उन वाहनों को छूट रहेगी जो आवश्यक वस्तुओं को ले जा रहे हैं या फिर आवश्यक सेवाएं प्रदान कर रहे हैं।
-सरकारें एनसीआर के अन्य क्षेत्रों में कक्षा पांचवीं तक के छात्रों के लिए हाइब्रिड मोड में कक्षाएं संचालित करने पर भी विचार कर सकती हैं।
-केंद्र व राज्य सरकारें सरकारी विभागों और सिविक एजेंसियों के कार्यालय के समय में बदलाव कर सकती है।

और पढ़े  दिल्ली की बेटियां बनेंगी 'लखपति'- होली से पहले महिलाओं-बेटियों को 4 बड़ी सौगात, राष्ट्रपति मुर्मू ने लॉन्च की योजनाएं

ग्रेप-3 में लोगों के लिए सीएक्यूएम की सलाह
-कम दूरी के लिए साइकिल का करें इस्तेमाल या चलें पैदल।
-संभव होने पर कार पूलिंग का लें सहारा।
-सार्वजनिक परिवहन का करें इस्तेमाल।
-दफ्तर से इजाजत मिलने पर वर्क फ्रॉम होम पर चले जाएं।
-हीटिंग के लिए कोयले और लकड़ी का उपयोग न करें।

प्रदूषण के खिलाफ दिल्ली सरकार का एक्शन मोड जारी
राजधानी में प्रदूषण की गंभीर स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को दिल्ली सचिवालय में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में कैबिनेट मंत्री प्रवेश साहिब सिंह, आशीष सूद, मनजिंदर सिंह सिरसा, मुख्य सचिव राजीव वर्मा सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदूषण नियंत्रण अब मिशन मोड में किया जाएगा और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।

ठोस और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए
बैठक में मुख्यमंत्री ने तीन प्रमुख प्रदूषण कारणों वाहन उत्सर्जन, बायोमास बर्निंग और धूल प्रदूषण पर विस्तार से चर्चा की और इनसे निपटने के लिए विभागों को ठोस और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजधानी में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार ग्रेप चरण-तीन का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। नियमों का उल्लंघन करने वाली निर्माण साइटों और अन्य स्रोतों पर तुरंत सीलिंग व जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी।

सौंपी गई निगरानी की जिम्मेदारी 
मुख्यमंत्री ने बताया कि वायु प्रदूषण नियंत्रण के लिए इस वर्ष एनफोर्समेंट टीमों की संख्या बढ़ाकर 2,088 कर दी गई है। ये टीमें प्रदूषण हॉटस्पॉट्स पर तैनात रहेंगी और वाहनों का निरीक्षण कर नियमों का उल्लंघन करने वालों पर त्वरित कार्रवाई करेंगी। डिविजनल कमिश्नर और जिलाधिकारियों को इन टीमों की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

और पढ़े  Scam: दिल्ली आबकारी नीति मामले में पूर्व सांसद के. कविता बरी, कहा- सत्यमेव जयते

धूल प्रदूषण नियंत्रण को लेकर मुख्यमंत्री ने एमसीडी, पीडब्ल्यूडी और अन्य एजेंसियों को निर्देश दिया कि दिल्ली की सड़कों को ‘वॉल टू वॉल’ बनाया जाए ताकि किनारों पर धूल का जमाव पूरी तरह खत्म किया जा सके। सड़कों पर मौजूद गड्ढों की पहचान कर उनकी मरम्मत प्राथमिकता से की जाएगी। मुख्यमंत्री ने सभी प्रदूषण हॉटस्पॉट्स पर 30 नवम्बर तक 300 से अधिक मिस्ट स्प्रे सिस्टम लगाने के आदेश दिए ताकि धूल और प्रदूषण के स्तर को प्रभावी ढंग से नियंत्रित किया जा सके।


Spread the love
  • Related Posts

    पीएम मोदी का यूट्यूब पर बजा डंका: छुआ 30 मिलियन सब्सक्राइबर का आंकड़ा, ट्रंप से सात गुना ज्यादा फोलोअर्स

    Spread the love

    Spread the loveप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को एक और उपलब्धि हासिल की। उन्होंने यूट्यूब पर 30 मिलियन सब्सक्राइबर का आंकड़ा पार कर लिया है। ऐसा करने वाले वे विश्व…


    Spread the love

    2026 चंद्र ग्रहण: चंद्र ग्रहण से पहले सूतक काल शुरू, दिल्ली में मंदिरों के कपाट बंद, इस समय होंगे दर्शन

    Spread the love

    Spread the love     साल 2026 का पहला चंद्र ग्रहण 3 मार्च को लगने जा रहा है। यह फाल्गुन माह की पूर्णिमा के दिन पड़ रहा है, जिससे इसका…


    Spread the love