देश को राज्य वन सेवा के 28 अधिकारी मिले। केंद्रीय अकादमी राज्य वन सेवा, देहरादून में 38वें प्रवेश पाठ्यक्रम सत्र 2024-2026 के प्रशिक्षु अधिकारियों के दीक्षांत समारोह में कर्नाटक के शशि कुमार एमसी को स्वर्ण पदक सहित सबसे अधिक छह पुरस्कार मिले। प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने वालों में 12 महिला अधिकारी भी शामिल रही। समारोह में मुख्य अतिथि राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण के अध्यक्ष वीरेंद्र आर तिवारी ने राज्य वन सेवा के अधिकारियों को पुरस्कृत किया।
केंद्रीय अकादमी राज्य वन सेवा के प्रधानाचार्य अरुण कुमार आर. ने प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने शैक्षणिक अध्ययन, व्यावहारिक अभ्यास और देश के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर व्यापक अनुभव प्राप्त किया है। इससे पहले राज्य वन सेवा के अधिकारियों को डिप्लोमा प्रमाणपत्र एवं विशेष योग्यता प्राप्त प्रशिक्षुओं को विशेष पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
कर्नाटक के शशि कुमार एमसी को मिला स्वर्ण पदक
दीक्षांत समारोह में कर्नाटक के शशि कुमार एमसी को पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय का स्वर्ण पदक मिला। उत्कृष्ट ऑलराउंडर अधिकारी प्रशिक्षार्थी एवं अति व्यावहारिक वन विद रजत पदक भी उनके नाम रहा। इसके अलावा वन प्रबंधन एवं कार्य योजना में कार्यकुशलता के लिए रजत पदक, पारिस्थितिकी में कार्यकुशलता के लिए रजत पदक, मृदा संरक्षण एवं भू-प्रबन्धन में कार्यकुशलता के लिए आरसी कौशिक पुरस्कार एवं वन सुरक्षा व जन जातीय कल्याण के लिए पी. श्रीनिवास पुरस्कार भी कर्नाटक के शशि कुमार एमसी को मिला। इंजीनियर एवं सर्वेक्षण में कार्यकुशलता के लिए छत्तीसगढ़ के अभिनव शर्मा को केन्द्रीय अकादमी राज्य वन सेवा संगठन पुरस्कार मिला। जबकि पीके सेन संरक्षण पुरस्कार कर्नाटक की विद्याश्री के नाम रहा। कर्नाटक के शशि कुमार एमसी ने प्रशिक्षण कोर्स में 88.47 प्रतिशत अंक प्राप्त कर पहला स्थान प्राप्त किया, इसी राज्य की विद्याश्री एमआर 81.76 प्रतिशत के साथ दूसरे, कर्नाटक की ही दीक्षा को 81.35 प्रतिशत अंक, काव्या केएल को 80.67 प्रतिशत अंक मिले।








