पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में चर्च के उद्घाटन समारोह के दौरान कथित तौर पर 30 से 35 लोगों के एक समूह ने परिसर में घुसकर तोड़फोड़ की और पादरियों तथा श्रद्धालुओं पर हमला कर दिया। शनिवार को हुई इस घटना में कई लोग घायल हुए हैं। पुलिस ने रविवार को बताया कि मामले की शिकायत मिलने के बाद जांच शुरू कर दी गई है।
घटना के बाद ईसाई संगठन बंगीय क्रिस्टिया परिषद (बीसीपी) ने इसकी निंदा की है। संगठन के संस्थापक राज्य सचिव और कार्यकारी अध्यक्ष हेरोड मुल्लिक ने कहा कि बिशप की मौजूदगी में उद्घाटन समारोह के दौरान कई पादरियों के साथ मारपीट की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि संगठित समूह शांतिपूर्ण अल्पसंख्यक समुदाय को निशाना बना रहे हैं और प्रशासन की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के कारण हमलावरों के हौसले बढ़ रहे हैं।यह घटना ऐसे समय हुई है, जब करीब दो सप्ताह पहले पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले में तीन ईसाई परिवारों ने पुलिस से शिकायत की थी। परिवारों का आरोप था कि कुछ लोगों ने उन्हें ईसाई धर्म छोड़ने के लिए धमकाया और उनके साथ मारपीट की। इन परिवारों ने करीब 18 महीने पहले ईसाई धर्म अपनाया था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया था कि उन्हें उनकी इच्छा के खिलाफ कुछ धार्मिक रस्मों में शामिल होने के लिए मजबूर किया गया।






