जमीन विवाद में गोसाईगंज के अंकारीपुर निवासी प्रॉपर्टी डीलर भूपेंद्र सिंह उर्फ भाकरू (42) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना रविवार की सुबह कादीपुर गाडर बाईपास स्थित मंडा कोटवा में हुई है। मृतक के भाई की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी पिता-पुत्रों समेत चार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
कादीपुर गार्डर में सुरेश वर्मा की पत्नी सुनीता वर्मा के नाम से बाईपास से सटी हुई एक जमीन है। अंकारीपुर निवासी भूपेंद्र सिंह ने छह फरवरी को इस जमीन में 15 फीट चौड़ी व 80 फीट लंबी जमीन का बैनामा सुनीता वर्मा से कराया था। रविवार की सुबह लगभग नौ बजे भूपेंद्र सिंह अपने साथियों व मजदूरों के साथ तीन वाहन से जाकर जमीन कब्जा करने लगे। इसी बीच सुनीता के भतीजे आयुष वर्मा और उसके परिजनों ने आपत्ति जताई।
धीरे-धीरे उनमें बात बढ़ने लगी और दोनों पक्ष मारपीट पर उतारू हो गए। इसी बीच चंद्रजीत वर्मा उर्फ लकी ने लाइसेंसी बंदूक से भूपेंद्र पर फायर कर दिया। ताबड़तोड़ चली तीन गोली भूपेंद्र सिंह के सीने, हाथ व गले के नीचे लगी तो अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद आरोपी वहां से भाग निकले। भूपेंद्र के साथ गए लोगों ने पुलिस की मदद से उन्हें सीएचसी गोसाईगंज भिजवाया, जहां से मेडिकल कॉलेज दर्शननगर रेफर कर दिया गया। वहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद महाराजगंज, गोसाईगंज व बीकापुर की पुलिस मौके पर आई और क्षेत्र छावनी में तब्दील हो गया। एसपी ग्रामीण बलवंत चौधरी व सीओ सदर अरविंद सोनकर ने घटनास्थल का निरीक्षण कर परिजनों व स्थानीय लोगों से पूछताछ की। फोरेंसिक टीम ने जांच के लिए नमूने इकट्ठा किए। एसपी ग्रामीण ने बताया कि मृतक के भाई यतींद्र सिंह की तहरीर पर चंद्रप्रकाश वर्मा, उनके बेटे आयुष, चंद्रजीत और अमरजीत वर्मा के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए पुलिस बल तैनात की गई है।
छर्रों से भरा था शरीर, एक घंटे तक चला पोस्टमार्टम
मेडिकल सूत्रों के अनुसार आरोपी ने 12 बोर के असलहे से फायर किया था। मृतक के शरीर में तीन स्थान पर गोली के सुराख थे। एक गोली गर्दन के नीचे, दूसरी गोली सीने के इर्द-गिर्द लगी थी। रविवार की दोपहर बाद डॉ. ओमप्रकाश व डॉ. प्रशांत वर्मा की टीम ने शव का पोस्टमार्टम किया। पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई। पोस्टमार्टम के दौरान शव खोला गया तो मृतक का शरीर छर्रों से भरा था। साक्ष्य के लिए लगभग 10-15 छर्रे शरीर से बाहर निकाले गए।
मेडिकल कॉलेज से लेकर पोस्टमार्टम हाउस तक तांता
घटना की सूचना पर गोसाईगंज क्षेत्र से लोगों का हुजूम मेडिकल काॅलेज दर्शननगर में उमड़ने लगा। सीओ सदर अरविंद सोनकर के साथ सीओ अयोध्या आशुतोष तिवारी, कोतवाली अयोध्या की टीम के साथ मौजूद रहे। काफी संख्या में जमा लोग घटना को लेकर आक्रोशित थे। पुलिस अधिकारी उन्हें शीघ्र ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का आश्वासन देकर समझाते-बुझाते रहे। ऐसा ही नजारा पोस्टमार्टम हाउस पर भी देखने को लगा।
पिता की बंदूक से बेटे ने चलाई गोली
पुलिस सूत्रों के अनुसार जिस बंदूक से लकी ने फायर झोंका, वह उसके पिता चंद्रप्रकाश वर्मा के नाम से दर्ज है। हालांकि, इसकी अधिकृत पुष्टि के लिए पुलिस छानबीन कर रही है। वहीं प्रारंभिक जांच में आरोपी आयुष वर्मा के वकालत पेशे से जुड़े होने की जानकारी मिली है।







