2931 करोड़ के खर्च से बनेगा अयोध्या बैराज, अधिग्रहीत होगी नौ गांव क्षेत्र की 690 हेक्टेयर जमीन

इस बैराज के निर्माण का सीधा फायदा जिले के साथ ही अयोध्या से लेकर बस्ती तक के लोगों को मिलेगा। साथ ही नवाबगंज के बाढ़ प्रभावित गांवों को भी बाढ़ की परेशानी से काफी हद तक छुटकारा मिलेगा
अयोध्या के साथ ही इससे सटे गोंडा जिले में भी अब विकास से जुड़े कई अहम प्रोजेक्ट का संचालन शुरू होगा। इसके चलते ही 2931 करोड़ की खर्च राशि से गोंडा क्षेत्र में एक नए अयोध्या बैराज का निर्माण होगा। इसके निर्माण के लिए नौ गांव क्षेत्र की 690 हेक्टेयर जमीन को अधिग्रहीत किया जाएगा। बैराज निर्माण के लिए जमीन खोज से जुड़ा सर्वे कार्य भी पूरा हो चुका है। इसके बाद सिंचाई विभाग बैराज बनाने के लिए जरूरी संबद्ध विभागों की एनओसी लेने की प्रक्रिया में जुटने लगा है
विभागों से मिलने वाली एनओसी के बाद फिर से चिह्नित जमीन का सत्यापन होगा। इस बैराज के निर्माण का सीधा फायदा जिले के साथ ही अयोध्या से लेकर बस्ती तक के लोगों को मिलेगा। साथ ही नवाबगंज के बाढ़ प्रभावित गांवों को भी बाढ़ की परेशानी से काफी हद तक छुटकारा मिलेगा। नए अयोध्या बैराज का निर्माण अयोध्या को गोंडा से जोड़ने वाले पुराने सरयू व रेलवे पुल के बीच में प्रस्तावित है। बैराज की लंबाई लगभग 820 मीटर होगी। इसमें 15-15 मीटर चौड़ाई पर 45 गेट 7.3 मीटर ऊंचाई में लगेंगे।
लगभग 8 किलोमीटर लंबा इसका फैलाव गुप्तार घाट तक होगा। बैराज निर्माण के लिए नवाबगंज ब्लाक के दुर्गागंज, दुल्लापुर समेत नौ गांव क्षेत्र की जमीन को अधिग्रहीत किए जाने की तैयारी है। प्रस्तावित बैराज के निर्माण से नवाबगंज के दो दर्जन के करीब गांवों को हर साल आने वाली बाढ़ की विभीषिका से भी बचाना संभव हो सकेगा। साथ ही गर्मी के समय खेतों में सिंचाई की सुविधा भी आसान बनेगी। सिंचाई विभाग की ओर से बैराज बनाने के कार्य में तेजी लाते हुए रेलवे व वन विभाग के साथ ही पर्यावरण विभाग से इसकी एनओसी लेने की प्रक्रिया को जमीनी तौर पर पूरा कराया जा रहा है।
प्रस्तावित अयोध्या बैराज के निर्माण से तीन जिलों के आबादी क्षेत्रों को सीधा फायदा होगा। बैराज के निर्माण से गोंडा जिले के साथ ही अयोध्या व बस्ती तक पेयजल की समस्या को काफी हद तक दूर करने में मदद मिलेगी। साथ ही बस्ती के हरैय्या में स्थित कैनाल को भी पर्याप्त पानी मिलने से सिंचाई से जुड़े कार्य में भी इसका पूरा फायदा मिलेगा। वर्तमान में गर्मी के समय कैनाल सूखा पड़ा रहता है। इससे अयोध्या के लोगों को भी पेयजल आपूर्ति के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा
भगवान श्रीराम मंदिर निर्माण के साथ ही अयोध्या में बह रही विकास कार्यों की बयार के बीच प्रस्तावित बैराज के निर्माण से जिले में भी पर्यटन से जुड़े व्यवसाय की तस्वीर बदलेगी। अयोध्या के इस पार गोंडा क्षेत्र में भी पर्यटन विकास की संभावना से अयोध्या विकास प्राधिकरण में आने वाले नवाबगंज नगर पालिका समेत जिले के 30 गांवों को शामिल किया जा चुका है।

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अयोध्या बैराज से काफी गांवों को लाभ मिलेगा। वहीं सरयू तट पर पानी की कमी को दूर कर नवाबगंज इलाके में हर साल तबाही मचाने वाली बाढ़ के प्रकोप से भी छुटकारा मिलेगा। बैराज से हमेशा पानी की उपलब्धता होगी। बैराज के लिए सर्वे का काम पूरा हो चुका है। सिर्फ एनओसी का कार्य होना है

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