विजय विश्वकर्मा (33) की हत्या के बाद बुधवार देर शाम हालात बेकाबू हो गए। पोस्टमार्टम के बाद शाम को जैसे ही शव गांव पहुंचा, परिजनों का सब्र टूट गया। उन्होंने अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने रखौना चौराहा पर सड़क जाम कर दिया। इससे चारों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन पूरी तरह ठप हो गया। आक्रोशित लोगों और परिजनों का कहना था कि पहले आरोपियों की गिरफ्तारी की जाए तब जाम हटाया जाएगा। हैदरगंज थानाध्यक्ष विवेक राय ने पुलिस फोर्स के साथ पहुंचकर आक्रोशित परिजनों व लोगों को समझाने का प्रयास किया। प्रधान प्रतिनिधि मोहन यादव भी लगातार ग्रामीणों से संवाद करते रहे। पुलिस ने आश्वस्त किया कि दो दिन में हत्या का खुलासा कर दिया जाएगा। पुलिस क्षेत्राधिकारी पीयूष पाल के अलावा कोतवाली बीकापुर, थाना तारुन और थाना हैदरगंज की पुलिस डटी रही। एसपी ग्रामीण बलवंत चौधरी भी देर शाम पहुंचकर अंतिम संस्कार करने के लिए परिजनों को समझाते बुझाते रहे।









